भोपाल, जीतेन्द्र यादव। मध्य प्रदेश में सियासी घमासान तेज हो गया है। कांग्रेस नेता जीतू पटवारी के राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मू के दौरे और आदिवासी मुद्दों पर दिए गए आरोपों पर BJP मंत्री विश्वास सारंग ने तीखा पलटवार किया है। उन्होंने कांग्रेस पर आदिवासी विरोधी होने का आरोप लगाते हुए कहा कि पार्टी हर मुद्दे पर विवाद खड़ा करने की मानसिकता रखती है।
"कांग्रेस आदिवासियों के बच्चों का इलाज नहीं चाहती"
मंत्री विश्वास सारंग ने कहा, "राष्ट्रपति मध्य प्रदेश किसी बड़े लक्ष्य को लेकर आई हैं। वे सिकल सेल एनीमिया जैसी बीमारी पर चर्चा करने आई हैं, जिससे आदिवासी क्षेत्र सबसे ज्यादा प्रभावित हैं। लेकिन कांग्रेस नहीं चाहती कि आदिवासियों के बच्चों का इलाज हो। जीतू पटवारी राष्ट्रपति का विरोध नहीं, बल्कि आदिवासियों का विरोध कर रहे हैं। कांग्रेस आदिवासी विरोधी है।"
उन्होंने आगे कहा कि कांग्रेस के नेता संवैधानिक पदों पर बैठे लोगों का सम्मान नहीं रखते और हर मुद्दे को विवाद में घसीटने की कोशिश करते हैं।
दिग्विजय सिंह विवाद पर भी तंज
दिग्विजय सिंह और जीतू पटवारी के बीच हालिया विवाद का जिक्र करते हुए सारंग बोले, "इस मामले में हम कुछ नहीं करेंगे। वीडियो वायरल हो चुका है, सब स्पष्ट है। कांग्रेस में अपने ही लोगों का अपमान होना आम बात है। जीतू पटवारी उन्हीं के कंधे पर बैठकर राजनीति करते रहे, अब उन्हीं को लात मार रहे हैं। वे दिग्विजय सिंह और कमलनाथ की बेइज्जती कर रहे हैं।"
तबादलों में भ्रष्टाचार के आरोप खारिज
कांग्रेस द्वारा तबादला नीति में भ्रष्टाचार का आरोप लगाए जाने पर विश्वास सारंग ने इसे पूरी तरह बेबुनियाद बताया। उन्होंने कहा, "तबादला नीति में कहीं कोई भ्रष्टाचार नहीं हुआ। यह कर्मचारियों और अधिकारियों का अपमान है। जहां जरूरत थी, वहां ट्रांसफर किए गए। सरकार पर कोई दबाव नहीं था। बिना तथ्यों के आरोप लगाना कांग्रेस की पुरानी आदत है।"
मंत्री ने स्पष्ट किया कि कांग्रेस की इन आरोपों की कोई बुनियाद नहीं है और सरकार विकास कार्यों पर फोकस किए हुए है।
यह घटनाक्रम मध्य प्रदेश में आगामी चुनावी तैयारियों के बीच सियासी तापमान बढ़ाने वाला माना जा रहा है। विपक्ष और सत्ता पक्ष के बीच आरोप-प्रत्यारोप का सिलसिला जारी है।

