सतना। शहर के करही स्थित एकेडमिक हाइट्स स्कूल में पेप्टेक ग्रुप के तत्वावधान में आयोजित 'किड्स आर्ट फेस्टिवल' उत्साह, उमंग और रचनात्मक ऊर्जा के साथ संपन्न हुआ। इस विशेष कला उत्सव में नर्सरी से लेकर कक्षा पहली तक के 100 से अधिक नन्हे-मुन्ने बच्चों ने पूरे उत्साह के साथ भाग लिया और ड्राइंग व रंगों के माध्यम से अपनी सुप्त प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन किया। नन्हे कलाकारों ने अपनी कल्पनाओं को कैनवास पर उतारते हुए एक से बढ़कर एक मनमोहक और सजीव चित्र बनाए, जिसे देखकर उपस्थित शिक्षक और अभिभावक मंत्रमुग्ध हो गए।


आयोजन के दौरान बच्चों में कला और रंगों को लेकर गजब का उत्साह और ऊर्जा देखने को मिली। किसी प्रतिभागी ने अपनी तूलिका से हरी-भरी प्रकृति, वृक्ष और पहाड़ों को खूबसूरती से दर्शाया, तो किसी ने अपने मन की स्वतंत्र व मासूम कल्पनाओं के चटख रंग बिखेरे। इतनी कम उम्र में बच्चों की सधी हुई कलात्मक अभिव्यक्ति, रेखाओं की स्पष्टता और रचनात्मक सोच ने सभी का ध्यान अपनी ओर खींचा। प्रतियोगिता के दौरान पूरा परिसर रंगों की छटा और बालसुलभ उत्साह से सराबोर नजर आया।



इस अवसर पर एकेडमिक हाइट्स स्कूल के प्रबंधन और शिक्षकगणों ने पेप्टेक ग्रुप की इस रचनात्मक पहल की मुक्तकंठ से सराहना की। उन्होंने कहा कि शैक्षणिक विकास के साथ-साथ इस तरह के कलात्मक आयोजन बच्चों की कल्पनाशक्ति को विस्तार देने, रचनात्मक क्षमता को निखारने और उनके भीतर झिझक मिटाकर आत्मविश्वास बढ़ाने में अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। प्राथमिक स्तर के बच्चों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने के लिए ऐसा व्यवस्थित और प्रेरक मंच उपलब्ध कराना एक बेहद सराहनीय कदम है।


आयोजकों ने बताया कि पेप्टेक ग्रुप का मुख्य उद्देश्य बच्चों को शुरुआती उम्र से ही कला, संस्कृति और रचनात्मक गतिविधियों से जोड़ना है, ताकि सही समय पर उनकी प्रतिभा की पहचान हो सके और उन्हें भविष्य में आगे बढ़ने के लिए उचित दिशा व मंच मिल सके। कार्यक्रम में उपस्थित प्रतिनिधियों ने घोषणा की कि इस किड्स आर्ट फेस्टिवल का अंतिम व निर्णायक (फाइनल) राउंड आगामी 21 नवंबर को आयोजित किया जाएगा, जिसमें पहले चरण से चयनित नन्हे कलाकार अपनी कला प्रतिभा का अंतिम प्रदर्शन करेंगे।


कार्यक्रम के दौरान पेप्टेक ग्रुप की ओर से अखिल, शाहनाज, अनुपमा, श्रेया सिंह, सजल और अमन सहित टीम के अन्य सदस्य प्रमुख रूप से उपस्थित रहे। सभी अतिथियों ने बच्चों के पास जाकर उनकी एक-एक कलाकृति को बारीकी से देखा और नन्हे चित्रकारों की पीठ थपथपाकर उनका उत्साहवर्धन किया। पेप्टेक ग्रुप का यह आयोजन बच्चों की रचनात्मक प्रतिभा को पहचानकर उसे बड़े मंच पर प्रस्तुत करने की दिशा में एक प्रेरणादायी और सार्थक प्रयास साबित हुआ।