जबलपुर। मध्य प्रदेश के जबलपुर जिले में सराफा कारोबारी लगातार अपराधियों के निशाने पर हैं। बीते 28 अक्टूबर को हुई 59 लाख रुपये की बड़ी डकैती की स्याही सूखी भी नहीं थी कि धनतेरस के पावन पर्व की सुबह सिहोरा थाना क्षेत्र में लुटेरों ने एक और वारदात को अंजाम दे दिया। बदमाशों ने तलवार की नोक पर ज्वेलर्स शॉप संचालक से करीब 7 लाख रुपये कीमत के सोने के आभूषण लूट लिए और मौके से फरार हो गए। त्योहारी सीजन में सरेआम हुई इस वारदात से जबलपुर के सराफा बाजार में दहशत का माहौल है और पुलिस की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।


घर से दुकान जाते समय रास्ते में तलवार अड़ाकर की लूट

सिहोरा थाना क्षेत्र में शुक्रवार (6 नवंबर) की सुबह यह सनसनीखेज वारदात तब हुई जब ज्वेलर्स शॉप संचालक विकास सोनी अपने घर से दुकान जा रहे थे। विकास सोनी ने बताया कि वे सिहोरा के बरगी स्थित अपने निवास से गौराहा स्थित दुकान की ओर रवाना हुए थे। रास्ते में कार सवार अज्ञात बदमाशों ने उन्हें रोका और तलवार की नोक पर धमकाते हुए उनके पास मौजूद करीब 7 लाख रुपये के सोने के आभूषण लूटकर चंपत हो गए। वारदात के तुरंत बाद पीड़ित कारोबारी ने सिहोरा थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने कार सवार अज्ञात आरोपियों के खिलाफ लूट का मामला दर्ज कर सफेद रंग की संदिग्ध कार की तलाश शुरू कर दी है।


धनतेरस पर पुलिस गश्त पर उठे सवाल; इलाके की घेराबंदी

धनतेरस और दीपावली के मौके पर सराफा बाजारों में करोड़ों का कारोबार होता है। ऐसे में दिनदहाड़े हुई इस लूट ने पुलिस गश्त और सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोल कर रख दी है। वारदात की सूचना मिलते ही पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे। शहर और ग्रामीण इलाकों की सीमाओं को सील कर सघन घेराबंदी की गई है। पुलिस अधिकारियों का दावा है कि आरोपियों को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा।


28 अक्टूबर को भी 59 लाख रुपये के आभूषण और नकदी लूटी गई थी

28 अक्टूबर की रात जबलपुर के नुनहाई निवासी सराफा व्यापारी दीपक जैन और आकाश सोनी कटनी से व्यापार कर कार द्वारा लौट रहे थे। खजरी खिरिया बायपास पर जब कार रुकी, तब मोपेड सवार तीन बदमाशों ने चाकू की नोक पर उनसे सवा 5 लाख रुपये नकद और सोने-चांदी के आभूषणों से भरा बैग (कुल कीमत 59 लाख रुपये) लूट लिया था। आरोपी माल समेत व्यापारियों की कार भी ले उड़े थे, जिसे बाद में कटंगी बायपास के पास सुनसान जगह पर लावारिस छोड़ दिया गया था। लगातार दूसरी वारदात से जबलपुर का व्यापारी वर्ग बेहद आक्रोशित है।