मुंबई। 'लगान' और 'गजनी' जैसी मशहूर बॉलीवुड फिल्मों में यादगार भूमिकाओं के लिए जाने जाने वाले अनुभवी अभिनेता प्रदीप रावत का 74 साल की उम्र में निधन हो गया।प्रदीप रावत अपने पीछे पत्नी और बेटे विक्रमादित्य को छोड़ गए हैं।
एक्टर के निधन की दुखद खबर प्रदीप रावत के लंबे समय के साथी और एक्टर यशपाल शर्मा ने दी।
यशपाल, जो 'लगान' फिल्म का भी हिस्सा थे, ने सोशल मीडिया पर एक भावुक पोस्ट के जरिए प्रदीप रावत को श्रद्धांजलि दी। उन्होंने लिखा, "प्रदीप रावत, 'लगान' के हमारे गजनी देवा, भगवान आपकी आत्मा को शांति दे।"
खबरों की मानें तो यह अनुभवी एक्टर कैंसर से जूझ रहे थे। यह भी बताया जा रहा है कि निधन से कुछ समय पहले प्रदीप रावत अस्पताल में भर्ती थे।
उनके करियर की बात करें तो 3 दशकों से ज्यादा लंबे करियर में प्रदीप रावत ने हिंदी, तेलुगु, तमिल, कन्नड़ और मलयालम समेत कई भाषाओं की फिल्मों में काम किया।
उन्होंने 1985 में बॉलीवुड फिल्म 'मेरी जंग' से एक्टिंग की शुरुआत की, जिसमें वे एक पुलिस इंस्पेक्टर के रोल में नजर आए थे।
हालांकि, उन्हें असली पहचान बीआर चोपड़ा के मशहूर टीवी सीरियल 'महाभारत' में गुरु द्रोणाचार्य के बेटे अश्वत्थामा का रोल निभाकर मिली।
हिंदी फिल्मों में उनके शुरुआती रोल्स में 'समुंदर (1986)' शामिल है। इस ड्रामा फिल्म में वे एक नेवल ऑफिसर के रोल में दिखे थे।
1990 में, वे फिल्म 'अग्निपथ' में अमिताभ बच्चन के साथी के रोल में नजर आए।
इसके बाद 1999 में आमिर खान की फिल्म 'सरफरोश' आई, जिसमें उन्होंने सुल्तान का रोल निभाया, जो एक अहम गुर्गा था। वहीं 'लगान (2001)' में उन्होंने देवा सिंह सोढ़ी नाम के एक ग्रामीण का रोल किया, जो ब्रिटिश ऑफिसर के खिलाफ भुवन (आमिर खान) की क्रिकेट टीम में शामिल होता।
उनके कुछ अन्य उल्लेखनीय प्रोजेक्ट्स में 'द हीरो: लव स्टोरी ऑफ ए स्पाई', 'स्टालिन', 'वीरम', '1: नेनोक्कडिने', 'लौक्यम', 'नेनु शैलजा', 'सर्राइनोडु', 'नेने राजू नेने मंत्री', 'आयिरथिल इरुवर', 'मार्केट राजा एमबीबीएस' और 'मिस मैच' शामिल हैं।




