लखनऊ। दिल्ली के रामलीला मैदान में हुई महारैली के बाद कांग्रेस पार्टी ने उत्तर प्रदेश में वोट चोरी के मुद्दे पर बड़े अभियान की तैयारी शुरू कर दी है। पार्टी 20 नवंबर के बाद पूरे प्रदेश में ताबड़तोड़ रैलियां और जन जागरण कार्यक्रम चलाएगी। कांग्रेस का कहना है कि यह अभियान गांव के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाया जाएगा ताकि मतदाता सूची में गड़बड़ी और वोट चोरी के कथित खेल को जनता के सामने लाया जा सके।

इस मुद्दे पर आईएएनएस से बातचीत में कांग्रेस प्रवक्ता सुरेंद्र राजपूत ने कहा कि कांग्रेस अब गांव-गांव, नगर-नगर और डगर-डगर जा रही है। उन्होंने कहा कि ज्ञानेश कुमार की अगुवाई में हुई वोट चोरी के खिलाफ जो जन जागरण अभियान दिल्ली से शुरू हुआ है, उसे राहुल गांधी ने शुरू किया है। यह अभियान अब उत्तर प्रदेश के हर कोने तक जाएगा।

सुरेंद्र राजपूत ने कहा कि अब तो बच्चा-बच्चा कह रहा है कि वोट चोर, गद्दी छोड़। कांग्रेस इस अभियान को समाज के अंतिम व्यक्ति तक लेकर जाएगी। उन्होंने कहा कि वोट चोरी केवल चुनावी धांधली नहीं है, बल्कि यह देशद्रोह के समान है। वोट चोरी नागरिकता की चोरी भी है।

उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा और ज्ञानेश कुमार ने वोट चोरी की है। आज जिन मतदाताओं के नाम सूची से हटाए जा रहे हैं, कल उन्हें नागरिकता से भी अलग किया जा सकता है। राजपूत ने कहा कि वोट चोरी राष्ट्र की आत्मा पर प्रहार है, लोकतंत्र पर प्रहार है और संविधान पर प्रहार है। इस प्रहार के खिलाफ कांग्रेस जन जागरण करेगी और जनता को जागरूक करेगी।

कांग्रेस के इस अभियान पर गठबंधन सहयोगी समाजवादी पार्टी की ओर से भी प्रतिक्रिया आई है। समाजवादी पार्टी के प्रवक्ता आशुतोष वर्मा ने कहा कि कांग्रेस पार्टी अभी समाजवादी पार्टी के साथ गठबंधन का हिस्सा है। ऐसे में कांग्रेस को अपना जनाधार मजबूत करने और जमीनी स्तर पर काम करने पर ध्यान देना चाहिए।

आगामी विधानसभा चुनाव का जिक्र करते हुए आशुतोष वर्मा ने कहा कि समाजवादी पार्टी ने शुरू से ही यही कहा है कि केवल चुनाव लड़ना ही लक्ष्य नहीं होना चाहिए, बल्कि चुनाव जीतना लक्ष्य होना चाहिए। कांग्रेस को इसी दिशा में काम करने की जरूरत है।