छतरपुर/ईशानगर, अरविंद असाटी। नवरात्रि पर्व के समापन के साथ ही छतरपुर जिले में मां दुर्गा की प्रतिमाओं के विसर्जन का सिलसिला जारी है। ईशानगर थाना क्षेत्र अंतर्गत धसान नदी के प्रसिद्ध पचेर घाट पर छतरपुर शहर और आसपास के ग्रामीण इलाकों से लाई गईं 200 से अधिक देवी प्रतिमाओं का शांतिपूर्ण व विधिवत विसर्जन संपन्न कराया गया। हालांकि, इसी थाना क्षेत्र के ग्राम पहाड़गांव में विसर्जन के दौरान दो पक्षों के बीच अचानक विवाद भड़क उठा। विवाद बढ़ने पर एक मकान में तोड़फोड़ किए जाने और बीच-बचाव करने पहुंची पुलिस के साथ मारपीट व झूमाझटकी की सूचना सामने आई है, जिसके बाद एहतियातन गांव में भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।
पहाड़गांव में विसर्जन के दौरान भिड़े दो पक्ष, घर में तोड़फोड़
दूसरी तरफ, ईशानगर थाना क्षेत्र के पहाड़गांव में देवी प्रतिमा विसर्जन समारोह के दौरान कुशवाहा समाज और ठाकुर समाज के लोगों के बीच किसी बात को लेकर कहासुनी हो गई। देखते ही देखते यह विवाद उग्र रूप में बदल गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, विवाद के बाद कुछ लोगों द्वारा कुशवाहा समाज के एक व्यक्ति के घर में घुसकर तोड़फोड़ की गई। इस अप्रत्याशित घटनाक्रम के बाद गांव में दहशत और तनाव का माहौल बन गया।
मौके पर पहुंची पुलिस से झूमाझटकी, कई थानों का बल तैनात
गांव में बवाल की सूचना मिलते ही जब स्थानीय पुलिस मौके पर स्थिति नियंत्रित करने पहुंची, तो उत्तेजित लोगों द्वारा पुलिसकर्मियों के साथ भी अभद्रता और मारपीट किए जाने की जानकारी सामने आई है। घटना की संवेदनशीलता को देखते हुए तत्काल मातगुवां, गुलगंज, सटई और ईशानगर थाने से अतिरिक्त पुलिस बल रवाना किया गया। बिजावर एसडीओपी के नेतृत्व में भारी पुलिस बल ने पहाड़गांव पहुंचकर मोर्चा संभाला और स्थिति को नियंत्रण में लिया।
पचेर घाट पर चाक-चौबंद रही सुरक्षा, 200 से अधिक प्रतिमाएं विसर्जित
धसान नदी के पचेर घाट पर विसर्जन के दौरान श्रद्धालुओं की भारी भीड़ और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए प्रशासनिक व पुलिस अमला लगातार मुस्तैद रहा। एनडीआरएफ की विशेष बचाव टीम के साथ ईशानगर थाना प्रभारी रिपुदमन सिंह राजपूत पुलिस बल सहित घाट पर मोर्चा संभाले रहे। इसके अलावा जनपद पंचायत सीईओ अजय सिंह, तहसीलदार जय हिंद घोष, राजस्व निरीक्षक दिनेश निगम, ईशानगर पटवारी अभिषेक गोस्वामी और पठादा पटवारी शंकर उचड़िया सहित प्रशासनिक अधिकारियों की देखरेख में विसर्जन की पूरी प्रक्रिया बिना किसी बाधा के सुरक्षित तरीके से पूरी कराई गई।

















