छतरपुर, रोहित पाठक। बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री अपना पांच दिवसीय केन्या (नैरोबी) प्रवास पूर्ण कर बागेश्वर धाम वापस लौट आए हैं। महाराज के धाम आगमन पर स्थानीय सेवादारों, शिष्यों और श्रद्धालुओं ने उनका आत्मीय स्वागत किया।

निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार अब वे आगामी 10 नवंबर तक धाम पर ही प्रवास करेंगे। इस दौरान धाम परिसर में नियमित रूप से विशेष दिव्य दरबार का आयोजन किया जाएगा, जिसमें देश-विदेश से पहुंचने वाले श्रद्धालुओं की समस्याओं और अर्जियों का निवारण किया जाएगा। इसके साथ ही महाराजश्री धाम में एकत्र भक्तों के साथ दीपावली का पावन महापर्व पूर्ण विधि-विधान और परंपरागत हर्षोल्लास के साथ मनाएंगे।


धाम वापसी पर श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए बागेश्वर महाराज ने आध्यात्मिक चेतना और भक्ति के महत्व पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि ईश्वर से वास्तविक प्रीति और संबंध स्थापित करने के लिए धार्मिक कथाओं का निरंतर श्रवण अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने भक्तों को प्रेरित करते हुए कहा कि हर व्यक्ति को कम से कम पांच कथाएं पंडाल में बैठकर अन्य भक्तों के बीच सुननी चाहिए, जिससे मन में श्रद्धा और विश्वास का संचार होता है। महाराजश्री ने स्पष्ट किया कि संतों के सान्निध्य और कथा श्रवण से मनुष्य को अपने आचरण को शुद्ध रखने तथा सत्य व धर्म के मार्ग पर चलने की सकारात्मक प्रेरणा प्राप्त होती है।