सहारनपुर। सहारनपुर से कांग्रेस सांसद इमरान मसूद शुक्रवार रात दिल्ली की जामिया मिल्लिया इस्लामिया यूनिवर्सिटी की दीवार फांदकर अंदर दाखिल हुए। वह पिछले 12 दिनों से छात्रसंघ चुनाव की बहाली और अन्य मांगों को लेकर भूख हड़ताल पर बैठे छात्रों का समर्थन करने पहुंचे थे। इस दौरान पुलिस ने उन्हें रोकने की कोशिश की, जिसके बाद उन्हें हिरासत में भी लिया गया।


दीवार फांदकर अंदर पहुंचे और छात्रों से की मुलाकात

यूनिवर्सिटी के गेटों पर भारी पुलिस बल तैनात होने के कारण इमरान मसूद को अंदेशा था कि मुख्य द्वार से जाने पर पुलिस उन्हें रोक देगी। सामने आए वीडियो में साफ दिखाई दे रहा है कि कुछ लोगों की मदद से इमरान मसूद 6-7 फीट ऊंची दीवार फांदकर अंदर जा रहे हैं। अंदर पहुंचने के बाद वह जमीन पर छात्रों के साथ बैठे नजर आए। उन्होंने भूख हड़ताल कर रहे छात्रों का हालचाल जाना, उनका हाथ पकड़कर ढांढस बंधाया और कहा कि "ये हमारे बच्चे हैं, मैं इनके लिए अपनी जान भी दे सकता हूं।"


"छात्रसंघ चुनाव न कराना शर्मनाक"

छात्रों को संबोधित करते हुए सांसद इमरान मसूद ने विश्वविद्यालय प्रशासन पर तीखा हमला बोला: उन्होंने कहा कि छात्र अपनी मांगों को लेकर 12 दिन से धरने पर हैं और यूनिवर्सिटी प्रशासन का इस पर ध्यान न देना बेहद शर्मनाक है। छात्रों के संवैधानिक अधिकारों को कुचला जा रहा है। छात्रों से मिलने के लिए इतनी भारी पुलिस फोर्स तैनात किए जाने पर सवाल उठाते हुए उन्होंने कहा कि छात्रों से मिलना कोई गुनाह नहीं है। यूनिवर्सिटी की दीवारों पर लगे 'फ्री कश्मीर' और 'फ्री शरजील इमाम' जैसे पोस्टरों और नारों पर प्रतिक्रिया देते हुए मसूद ने साफ किया कि वह भारत को तोड़ने वाले किसी भी नारे का समर्थन नहीं करते। कश्मीर भारत का अभिन्न अंग है और हमेशा रहेगा। कुछ लोग ऐसे पोस्टर लगाकर छात्रों के आंदोलन को भटकाने की कोशिश कर रहे हैं।


6 घंटे हिरासत में रहने के बाद रिहाई

यूनिवर्सिटी परिसर से बाहर आते ही पुलिस ने इमरान मसूद को हिरासत में ले लिया और थाने ले गई। पूछताछ और कानूनी प्रक्रिया के बाद शनिवार तड़के करीब 5:30 बजे उन्हें छोड़ा गया। बाहर आने के बाद उन्होंने दैनिक भास्कर से बातचीत में कहा कि उन्हें पहले ही पता था कि पुलिस सामने से अंदर नहीं जाने देगी, इसलिए उन्हें दीवार फांदनी पड़ी। उन्होंने आश्वासन दिया कि वह इस मसले पर वीसी और प्रशासन से बात कर छात्रों की मांगें पूरी करवाने का प्रयास करेंगे।


इमरान मसूद का राजनीतिक सफर

इमरान मसूद ने 2024 के आम चुनाव में समाजवादी पार्टी और कांग्रेस गठबंधन के तहत सहारनपुर लोकसभा सीट से जीत दर्ज की थी। उन्होंने पूर्व सांसद राघव लखनपाल को हराया था। मसूद ने जनवरी 2022 में विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस छोड़कर सपा का दामन थामा था, जिसके बाद वे बसपा में भी रहे। अगस्त 2023 में बसपा से निष्कासन के बाद उन्होंने अक्टूबर 2023 में दोबारा कांग्रेस पार्टी में वापसी की थी। साल 2014 के लोकसभा चुनावों के दौरान नरेंद्र मोदी को लेकर दिए गए उनके एक विवादित बयान के कारण वह राष्ट्रीय स्तर पर सुर्खियों में आए थे, जिसके चलते उन्हें जेल भी जाना पड़ा था।