इंदौर। बॉलीवुड अभिनेता टाइगर श्रॉफ पर हाल ही में मुंबई में हुए फायरिंग मामले के तार अब मध्य प्रदेश से जुड़ते नजर आ रहे हैं। इस हाई-प्रोफाइल मामले की जांच कर रही मुंबई क्राइम ब्रांच ने इंदौर क्राइम ब्रांच के साथ मिलकर एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, इस मामले में इंदौर से प्रांजल नाम के एक युवक को हिरासत में लिया गया है, जिस पर हमले की कथित प्लानिंग करने और शूटर्स को हथियार उपलब्ध कराने का संदेह है।
इंदौर तक कैसे पहुंचे जांच के तार?
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, मुंबई क्राइम ब्रांच की एक विशेष टीम इंदौर पहुंची थी और स्थानीय क्राइम ब्रांच के सहयोग से प्रांजल को दबोचा गया: प्रांजल पर आरोप है कि वह सीधे तौर पर इस हमले की साजिश (Planning) में शामिल था और उसने ही हमलावरों तक हथियार पहुंचाए थे। इसके अलावा वह लगातार शूटर्स के संपर्क में भी था। चर्चा है कि आरोपी प्रांजल पेशे से एक इंजीनियर है, हालांकि पुलिस और आधिकारिक एजेंसियों की ओर से इसकी अभी औपचारिक पुष्टि होना बाकी है। इस पूरे घटनाक्रम में उसकी वास्तविक भूमिका और संलिप्तता को लेकर मुंबई पुलिस जल्द ही प्रेस कॉन्फ्रेंस या आधिकारिक बयान जारी कर सकती है।
18 अक्टूबर को हुआ था टाइगर श्रॉफ पर हमला
यह पूरी घटना 18 अक्टूबर की शाम करीब 7:00 बजे की है, जब अभिनेता टाइगर श्रॉफ मुंबई के जुहू इलाके स्थित पुष्पा पार्क के पास से गुजर रहे थे: टाइगर श्रॉफ उस समय फुटबॉल खेलकर अपनी कार से लौट रहे थे। जैसे ही पार्क के बाहर भीड़ की वजह से उनकी गाड़ी धीमी हुई या रुकी, बाइक पर सवार होकर आए शूटरों ने उनकी कार पर ताबड़तोड़ 5 राउंड फायरिंग कर दी और मौके से फरार हो गए। इस हमले में कार के कांच टूट गए, जिससे कांच के टुकड़े लगने से टाइगर श्रॉफ को मामूली खरोंचें और चोटें आईं, लेकिन गनीमत रही कि वह इस जानलेवा हमले में बाल-बाल बच गए।
अब तक हो चुकी हैं कई गिरफ्तारियां
इस मामले में मुंबई पुलिस शुरुआत से ही बेहद सक्रिय नजर आई है और देश के अलग-अलग राज्यों में लगातार दबिश दी जा रही है: घटना के ठीक अगले दिन, मुंबई क्राइम ब्रांच की टीम ने राजस्थान के कोटा से तीन मुख्य आरोपियों—फूल सिंह (18), रेहान उर्फ सुक्का (18) और ऋतिक महतो (22) को दफ्तार किया था। इसके बाद पुलिस ने सोनीपत (हरियाणा) और उत्तर प्रदेश के विभिन्न इलाकों से कुणाल, सुमित, राधा और बबीता नामक चार अन्य आरोपियों को भी गिरफ्तार किया। इन सभी पर शूटर्स को लॉजिस्टिक्स सहायता और हथियार मुहैया कराने का आरोप है।
अब इंदौर से प्रांजल की गिरफ्तारी के बाद इस साजिश के पीछे के अन्य चेहरों और मास्टरमाइंड तक पहुंचने की उम्मीद जताई जा रही है। मुंबई पुलिस इस बात की गहराई से जांच कर रही है कि मध्य प्रदेश के जरिए हथियारों की यह खेप किन लोगों तक पहुंचाई गई थी।















