छतरपुर, संजय अवस्थी। प्रदेश में शिक्षकों के साथ लगातार प्रयोग किए जा रहे हैं। हर काम को शून्य से शिखर तक पहुंचाने में शिक्षकों की महत्वपूर्ण भूमिका होने के बावजूद उनके साथ सौतेला व्यवहार किया जा रहा है। सरकार सुप्रीम कोर्ट के निर्णय को प्राथमिकता देने की बात कहते हुए शिक्षक पात्रता परीक्षा कराने पर आमादा है जबकि कोर्ट ने शिक्षकों को पुरानी पेंशन देने के लिए भी कहा था मगर इस पर अमल नहीं हो रहा। रविवार को प्राथमिक, माध्यमिक, उच्च माध्यमिक शिक्षक संघ ने मोटे के महावीर मंदिर प्रांगण में बैठकर सभा की इसके बाद सरकार की सद्बुद्धि के लिए यज्ञ करते हुए हनुमानजी के श्रीचरणों में ज्ञापन सौंपा।


संघ के प्रांताध्यक्ष मुरली मनोहर अरजरिया के नेतृत्व में जिला मुख्यालय में संत शरीर आश्रम के बगल में स्थित अटल सभागार में शिक्षक साथी उपस्थित हुए। शिक्षकों ने सभा के माध्यम से अपने विचार रखे और प्रदेश सरकार की बेरूखी पर नाराजगी जाहिर की। सभा के बाद सभी साथी मोटे के महावीर मंदिर पहुंचे जहां सरकार की सद्बुद्धि के लिए आहूतियां दीं। इसके पश्चात सभी शिक्षकों ने हनुमानजी के पुजारी जी को मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन सौंपा।