छतरपुर/बमीठा अशोक नामदेव। जिले के बमीठा थाना क्षेत्र अंतर्गत गढ़ा (बागेश्वर धाम) में अंधविश्वास के कारण दो परिवारों के बीच भारी हिंसक झड़प हो गई। महानवमी की रात करीब 10 बजे जब एक प्रजापति परिवार अपने घर में धार्मिक अनुष्ठान और पूजा-अर्चना कर रहा था, तभी पड़ोस में रहने वाली एक लड़की पर अचानक 'भाव' आने का नाटक शुरू हुआ। तंत्र-मंत्र और जादू-टोने के संदेह को लेकर दोनों पक्षों में कहासुनी हो गई, जिसने जल्द ही उग्र रूप ले लिया।

घर में घुसकर हमला, दोनों पक्षों से कई लोग हुए आमने-सामने

मामला इतना बढ़ गया कि पड़ोसी पक्ष ने पूजा कर रहे परिवार के घर पर हमला बोल दिया। इसके बाद दोनों ही परिवार सड़क पर आ गए और उनके बीच जमकर लात-घूंसे चले। इस घटना में उम नन्नी, फुला जानकी, राम कली, गोविंदी, पुन्नी, राम प्रसाद, गणेशी, मुकेश और लक्ष्मण नाम के लोगों के बीच सीधा विवाद हुआ। बीच सड़क पर हुई इस मारपीट का किसी ने वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया। घटना के बाद पीड़ित पक्ष ने बमीठा थाना पहुंचकर पुलिस से न्याय की गुहार लगाई है।

बुंदेलखंड में पसरा अंधविश्वास बन रहा विवाद और मौतों का कारण

बुंदेलखंड क्षेत्र में शारदीय नवरात्रि से लेकर देवउठनी एकादशी (ग्यास) तक के समय में तंत्र-मंत्र, जादू-टोना और अंधविश्वास के नाम पर कई तरह के गंभीर विवाद सामने आते हैं। कई बार इस तरह के अंधविश्वास के चक्कर में लोग अपनी जान तक गंवा बैठते हैं। हालांकि देश का कानून और न्यायालय किसी भी प्रकार के तंत्र-मंत्र या जादू-टोने को मान्यता नहीं देता, इसके बावजूद ग्रामीण अंचलों में आज भी व्याप्त यह अंधविश्वास आए दिन बड़ी घटनाओं की वजह बन रहा है।