छतरपुर, विनोद मिश्रा। शहर की बदहाल सड़कों, डिवाइडर निर्माण में कथित अनियमितताओं, यातायात व्यवस्था और जिला अस्पताल की व्यवस्थाओं को लेकर कांग्रेस ने गुरुवार को सड़क पर उतरकर विरोध प्रदर्शन किया। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने आकाशवाणी चौराहे पर जाम लगाकर धरना दिया और भाजपा सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
कांग्रेस जिलाध्यक्ष गगन यादव के नेतृत्व में आयोजित प्रदर्शन में पूर्व विधायक आलोक चतुर्वेदी, पूर्व विधायक नीरज दीक्षित, विधायक रामसिया भारती, पूर्व जिलाध्यक्ष मनोज त्रिवेदी, पूर्व जिलाध्यक्ष लखन पटेल सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता शामिल हुए।
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं ने प्रदेश की भाजपा सरकार पर छतरपुर की मूलभूत समस्याओं की अनदेखी करने का आरोप लगाया। कांग्रेस की ओर से मुख्यमंत्री के नाम सौंपे गए ज्ञापन में PWD और NH के अंतर्गत आने वाली सड़कों पर नगर पालिका द्वारा कराए गए डिवाइडर निर्माण की उच्चस्तरीय जांच की मांग की गई। इसके साथ ही डिवाइडर निर्माण से संबंधित टेंडर, स्वीकृति, कार्यादेश, तकनीकी स्वीकृति और भुगतान की भी जांच कराने की मांग रखी गई।
कांग्रेस नेताओं का आरोप है कि शहर में कई स्थानों पर डिवाइडर निर्माण के कारण यातायात प्रभावित हो रहा है। वहीं, जल निकासी की व्यवस्था बाधित होने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कांग्रेस ने यातायात व्यवस्था सुधार के नाम पर कथित अनावश्यक वसूली, अवैध पार्किंग, अतिक्रमण और सड़कों पर आवारा पशुओं के जमावड़े का मुद्दा भी उठाया।
कांग्रेस जिलाध्यक्ष गगन यादव ने कहा कि छतरपुर जिले के हालात किसी से छिपे नहीं हैं। जनता सब समझ चुकी है और अब मूलभूत समस्याओं से त्रस्त हो चुकी है। शहर की सड़कों की स्थिति बेहद खराब है, लेकिन समस्याओं के समाधान की दिशा में प्रभावी कदम नहीं उठाए जा रहे हैं।
वहीं, पूर्व विधायक आलोक चतुर्वेदी ने भाजपा विधायक ललिता यादव पर निशाना साधते हुए कहा कि शहर की जनता सड़क, यातायात, स्वास्थ्य और अन्य मूलभूत समस्याओं से परेशान है, लेकिन उनकी समस्याओं को सुनने वाला कोई नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि छतरपुर में कई सरकारी विभागों की व्यवस्थाएं ठेकेदारी प्रथा के भरोसे चल रही हैं और भाजपा शासनकाल में जनता परेशान है।
जिला अस्पताल की व्यवस्थाओं पर भी उठाए सवाल
कांग्रेस ने जिला अस्पताल की व्यवस्थाओं को लेकर भी गंभीर सवाल उठाए। ज्ञापन में अस्पताल की व्यवस्थाओं की उच्चस्तरीय जांच, मरीजों को आवश्यक दवाइयों की नियमित उपलब्धता, प्रसव एवं अन्य उपचार के नाम पर कथित अवैध वसूली की जांच तथा मरीजों को निजी अस्पतालों में भेजे जाने संबंधी शिकायतों पर कार्रवाई की मांग की गई।
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि सरकारी अस्पताल में आने वाले मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना सरकार और प्रशासन की जिम्मेदारी है। यदि व्यवस्थाओं में लापरवाही या अनियमितता पाई जाती है तो जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए।
कांग्रेस ने चेतावनी दी कि यदि ज्ञापन में उठाए गए मुद्दों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं की गई तो पार्टी द्वारा आगे भी चरणबद्ध आंदोलन किया जाएगा।
प्रदर्शन में अनित्या सिंह, आवेद सिद्दिकी, संतोष तिवारी, आदित्य सिंह, अशोक मिश्रा, सूर्यप्रताप सिंह, कंचन शुक्ला, शिवानी चौरसिया, दीप्ति पांडेय, धीरज मिश्रा, सादफ खान, मंजू शर्मा और दीपांशु यादव सहित कांग्रेस के अनेक नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे।




