कोलकाता। सन्मार्ग प्राइवेट लिमिटेड ने तहलका डॉट कॉम प्राइवेट लिमिटेड में 100 प्रतिशत हिस्सेदारी हासिल कर ली है। इसके साथ ही इस ग्रुप का पत्रिका क्षेत्र में प्रवेश हो गया है और डिजिटल मीडिया जगत में उसकी उपस्थिति और मजबूत हुई है।

एक प्रमुख हिंदी दैनिक प्रकाशित करने वाले ग्रुप ने कहा कि वह तहलका में और निवेश करने की योजना बना रहा है और अब तक पाक्षिक रूप से प्रकाशित होने वाली इस पत्रिका को साप्ताहिक प्रकाशन में बदलने का इरादा रखता है। ग्रुप प्रिंट और डिजिटल दोनों प्रारूपों में प्रकाशन जारी रखेगा।

सन्मार्ग ने यह अधिग्रहण उन निवेशकों के ग्रुप से किया है, जिन्होंने 2017 में तहलका डॉट कॉम की पूरी शेयरधारिता हासिल कर ली थी। इन निवेशकों ने तरुण तेजपाल और अन्य छोटे निवेशकों को सफलतापूर्वक बाहर निकलने का मौका भी दिया था। अधिग्रहण के बाद से कोई नया मुकदमा नहीं हुआ है। प्रेस विज्ञप्ति में कहा गया है कि उन्होंने तहलका या इसके संचालन में तेजपाल की किसी भी रूप में कोई संलिप्तता न होने की पुष्टि की है।

तेजपाल को पहले एक सहकर्मी द्वारा यौन उत्पीड़न के आरोप के बाद संपादक पद से हटना पड़ा था। बाद में उन्हें दोषी ठहराया गया और सजा सुनाई गई।

सन्मार्ग ग्रुप ने कहा कि उसने इस वर्ष अक्टूबर में इन निवेशकों से तहलका डॉट कॉम का पूर्ण अधिग्रहण पूरा कर लिया है, जिसमें 2017 से मौजूद सभी संपत्तियां, प्रिंट, डिजिटल और बौद्धिक संपदा (आईपी) शामिल हैं। अरविंद चतुर्वेदी को प्रकाशन का नया मुख्य संपादक नियुक्त किया गया है।

प्रेस विज्ञप्ति में यह भी कहा गया है कि पूर्व स्वामी अनंत मीडिया प्राइवेट लिमिटेड उन सभी मुकदमों का सामना करेगा, जिनमें तहलका शामिल था। अनंत मीडिया पूर्व गारंटियों के लिए भी पूरी तरह से जिम्मेदार है।

प्रेस विज्ञप्ति में कहा गया है कि तहलका के आजीवन ग्राहकों को प्रतियां और डिजिटल सदस्यता की सुविधा नियमानुसार मिलती रहेगी।

बयान में आगे कहा गया कि हम भारतीय जनता के लिए गंभीर पत्रकारिता का सार्थक अनुभव प्रदान करने के लिए सभी सरकारी नियमों और विनियमों और वर्तमान में लागू सभी नियमों, मानकों और विनियमों का पूर्णतः पालन करना चाहते हैं।

कोलकाता स्थित सन्मार्ग पूर्वी भारत का सबसे बड़ा हिंदी मीडिया नेटवर्क है।