मंदसौर, ललित शंकर धाकड़। मध्यप्रदेश के मंदसौर में जनसुनवाई के दौरान एक फरियादी ने अपनी पीड़ा उजागर करने का बिल्कुल अलग और अनोखा रास्ता चुना। मल्हारगढ़ तहसील के खेड़ा कोयला गांव के रहने वाले देवी लाल पिछले सात सालों से अपनी जमीन से जुड़े एक विवाद को लेकर परेशान हैं। सालों तक दफ्तरों के चक्कर लगाने और आवेदन देने के बाद भी जब उन्हें न्याय नहीं मिला, तो उन्होंने अपनी आवाज बुलंद करने के लिए कलेक्टर कार्यालय परिसर में ही लोट लगानी शुरू कर दी।
सुरक्षाकर्मी ने संभाला और कलेक्टर से कराई मुलाकात
कलेक्टर परिसर में किसान को जमीन पर लोट लगाते देख वहां मौजूद लोग और अधिकारी अवाक रह गए। परिसर की सुरक्षा में तैनात सुरक्षाकर्मी ने संवेदनशीलता दिखाते हुए तुरंत किसान को उठाया, ढांढस बंधाया और सीधे कलेक्टर साहब के पास ले जाकर उसकी पूरी समस्या से रूबरू कराया।
प्रशासनिक व्यवस्था पर उठे सवाल, कब मिलेगा न्याय?
सात वर्षों के लंबे अंतराल से अटका यह जमीन विवाद यह स्पष्ट करता है कि फरियादी को न्याय पाने के लिए किस हद तक मानसिक और शारीरिक कष्ट से गुजरना पड़ रहा है। जनसुनवाई में घटे इस घटनाक्रम के बाद अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि आखिर पीड़ित देवी लाल की समस्या का निस्तारण कब होगा और उन्हें अपनी जमीन का हक कब मिल पाएगा।

















