हैदराबाद। दक्षिण भारत के आध्यात्मिक इतिहास में एक नया अध्याय जुड़ने जा रहा है। भाग्यनगर (हैदराबाद) की पावन धरती पर पहली बार बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर पूज्य धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री (बागेश्वर सरकार) की तीन दिवसीय भव्य हनुमंत कथा एवं दिव्य दरबार का ऐतिहासिक आयोजन होने जा रहा है। इस भव्य धार्मिक समागम को लेकर आयोजन स्थल पर तैयारियां युद्ध स्तर पर की जा रही हैं। लाखों श्रद्धालुओं की संभावित उपस्थिति को देखते हुए विशाल पंडाल, भव्य एवं आकर्षक मंच, बैठक व्यवस्था, पार्किंग और सुरक्षा के कड़े इंतजामों को अंतिम रूप दिया जा रहा है। यह भव्य धार्मिक आयोजन दक्षिण भारत के सनातन समाज के लिए एक अभूतपूर्व और ऐतिहासिक अवसर साबित होने वाला है। आयोजन समिति से मिली जानकारी के अनुसार, इस कथा में न केवल हैदराबाद और तेलंगाना, बल्कि पड़ोसी राज्यों जैसे आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, तमिलनाडु और केरल से भी लाखों की संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने का अनुमान है। श्रद्धालुओं की इस भारी आमद को सुव्यवस्थित ढंग से संभालने के लिए स्वयंसेवकों की एक विशाल टीम दिन-रात सेवा में जुटी हुई है, ताकि यहां आने वाले प्रत्येक भक्त को बिना किसी असुविधा के कथा श्रवण और दिव्य दरबार की अनुभूति प्राप्त हो सके।


सनातन संस्कृति और आध्यात्मिक चेतना का अनूठा संगम

हैदराबाद की धरती पर आयोजित होने जा रहा यह त्रि-दिवसीय कार्यक्रम सनातन संस्कृति, अटूट श्रद्धा और जनमानस में आध्यात्मिक चेतना को जगाने का एक महा-संगम बनने जा रहा है। आयोजन स्थल को बेहद भव्य और देवतुल्य स्वरूप में सजाया जा रहा है, जिससे पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठा है। आयोजकों का कहना है कि दक्षिण भारत में इस स्तर का यह पहला और ऐतिहासिक आयोजन है, जो न केवल लोगों की आस्था को मजबूत करेगा बल्कि सनातन धर्म की एकजुटता को भी प्रदर्शित करेगा। बागेश्वर सरकार के आगमन को लेकर पूरे भाग्यनगर में उत्साह और उमंग का माहौल बना हुआ है।