मुंबई। अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रूबियो मंगलवार को तीन दिवसीय आधिकारिक यात्रा पर भारत पहुंचे। मुंबई हवाई अड्डे पर उनका स्वागत किया गया। मुंबई में उनकी कई महत्वपूर्ण बैठक प्रस्तावित है। इससे पहले वो पत्नी जेनेट रूबियो और भारत में अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर के साथ गेटवे ऑफ इंडिया देखने पहुंचे।

गोर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर इसकी जानकारी दी। दो तस्वीरें पोस्ट करते हुए मेजबानी के लिए महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री का आभार जताया। उन्होंने लिखा, "सीएम देवेंद्र फडणवीस प्रतिष्ठित 'गेटवे ऑफ इंडिया' पर मार्को रूबियो की मेजबानी करने के लिए आपका धन्यवाद।"

गोर ने आगे कहा, "महाराष्ट्र में 500 से अधिक अमेरिकी कंपनियों के काम करने और गहरे निवेश संबंधों को देखते हुए, मुझे उम्मीद है कि हम इस विरासत को आगे बढ़ाते हुए व्यापार का विस्तार करेंगे, निवेश आकर्षित करेंगे और अपने लोगों के लिए नए अवसर पैदा करेंगे।"

मंगलवार को मुंबई पहुंचने पर उनका महाराष्ट्र सरकार के संस्कृति, इलेक्ट्रॉनिक्स, आईटी और एआई मंत्री आशीष शेलार ने स्वागत किया। आकर्षित करेंगे और अपने लोगों के लिए नए अवसर पैदा करेंगे।

उनके पहुंचने के बाद विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्‍स' पर लिखा, ''मार्को रूबियो, आपका मुंबई में स्वागत है। यह आपकी भारत की दूसरी यात्रा है। हवाई अड्डे पर महाराष्ट्र सरकार के संस्कृति, इलेक्ट्रॉनिक्स, आईटी और एआई मंत्री आशीष शेलार ने उनका स्वागत किया।

जायसवाल ने पोस्‍ट में आगे ल‍िखा, ''यह यात्रा भारत और अमेरिका के बीच व्यापक 'कॉम्प्रीहेंसिव ग्लोबल स्ट्रेटेजिक पार्टनरशिप' के विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग को और आगे बढ़ाने का एक अच्छा अवसर प्रदान करती है। इस दौरे के दौरान दोनों देश आपसी संबंधों को और मजबूत करने तथा कई महत्वपूर्ण क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर चर्चा कर सकेंगे।''

सर्जियो गोर ने कहा कि वह इस दौरे को लेकर उत्साहित हैं और उम्मीद करते हैं कि इससे भारत-अमेरिका संबंधों को और मजबूती मिलेगी।

उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर लिखा, "मुंबई वापस आकर अच्छा लग रहा है, और इस बार मेरे साथ अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो भी हैं। एक सार्थक दौरे और भारत-अमेरिका संबंधों को आगे बढ़ाने की उम्मीद है।"

पिछले छह महीने में ही रूबियो की ये दूसरी भारत यात्रा है और इसे ट्रेड डिप्लोमेसी के लिहाज से काफी अहम माना जा रहा है। अमेरिकी विदेश विभाग के अनुसार, रूबियो उद्योग जगत के प्रमुख नेताओं से भी मुलाकात करेंगे, ताकि निवेश, व्यापार और आर्थिक सहयोग के नए अवसरों को बढ़ावा दिया जा सके।