छतरपुर। रक्षाबंधन के अवसर पर छतरपुर सिविल सोसाइटी ने पर्यावरण संरक्षण को लेकर अनूठी पहल की। बहनों से राखी बंधवाने के बाद भाइयों ने पेड़ों और पौधों को भी रक्षा सूत्र बांधकर उनकी रक्षा और संरक्षण का संकल्प लिया। इस दौरान गांधी आश्रम, जिला अस्पताल और रेलवे स्टेशन परिसर में लगाए गए पौधों एवं विकसित वृक्षों को रक्षा सूत्र बांधे गए।


सिविल सोसाइटी द्वारा विगत माह रोपे गए 100 से अधिक पौधों के पूर्ण विकास और संरक्षण की कामना के साथ उनमें रक्षा सूत्र बांधे गए। साथ ही पहले से विकसित पेड़ों को भी सूत्र बांधकर उनकी सुरक्षा का संकल्प लिया गया।


सिविल सोसाइटी के संयोजक शंकरलाल सोनी एवं पंकज जैन ने कहा कि रक्षाबंधन का मूल उद्देश्य रक्षा का बंधन है। जिस तरह भाई अपनी बहन की रक्षा का संकल्प लेते हैं, उसी तरह पर्यावरण और पेड़ों की रक्षा करना भी हमारी जिम्मेदारी है। यदि पेड़ों का संरक्षण नहीं किया गया तो आने वाली पीढ़ियों के लिए शुद्ध हवा मिलना मुश्किल हो जाएगा। इसी संदेश के साथ पौधों और वृक्षों को रक्षा सूत्र बांधने की पहल की गई।


इस अवसर पर सीएचएमओ डॉ. आरपी गुप्ता एवं सिविल सर्जन डॉ. शरद चौरसिया ने पौधों को रक्षा सूत्र बांधने की पहल की सराहना की। उन्होंने अस्पताल परिसर में लगाए गए पौधों के संरक्षण की जिम्मेदारी उठाने का विश्वास दिलाया। वहीं डॉ. सुभाष चौबे ने सिविल सोसाइटी की इस पहल को लोगों के लिए प्रेरणादायी बताया।


कार्यक्रम में समिति संरक्षक प्रो. सुरेंद्र सिन्हा, डॉ. जीएल अहिरवार, डॉ. ऋषि द्विवेदी, वरिष्ठ पत्रकार सुरेंद्र अग्रवाल, पूर्व उपाध्यक्ष जैन समाज रितेश जैन, वीपी सिंह, प्रांतीय उपाध्यक्ष प्रमुख पेंशनर्स एसोसिएशन, कवि अवनीन्द्र खरे, केट अध्यक्ष आनंद अग्रवाल, रामनाम मंडल के रामजी अग्रवाल एवं गिरीश शर्मा सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।