छतरपुर, संदीप यादव। रक्षाबंधन के पावन पर्व पर छतरपुर शहर के सबसे व्यस्ततम चौक बाजार क्षेत्र से खाकी की संवेदनशीलता, कर्तव्यनिष्ठा और भाई-बहन के अटूट स्नेह की एक बेहद भावुक व प्रेरक तस्वीर सामने आई है। त्योहार के दिन जब पूरा शहर रक्षाबंधन के उल्लास में डूबा था, तब शहर की सुरक्षा और यातायात व्यवस्था संभालने के लिए मुस्तैद पुलिस विभाग की महिला कर्मचारी माया कोंदर ने कर्तव्य के साथ-साथ बहन का पावन फर्ज निभाकर हर किसी का दिल जीत लिया।
सड़क पर सहकर्मियों की सूनी कलाई देख पसीजा दिल
रक्षाबंधन के दिन जहां हर कोई अपने घरों में परिवार और बहनों के साथ त्योहार मना रहा था, वहीं पुलिस जवान चौराहों और सड़कों पर आम नागरिकों की सुरक्षा व सुचारू यातायात के लिए कड़ी धूप और भीड़ में तैनात थे। चौक बाजार क्षेत्र में ड्यूटी पर मुस्तैद महिला आरक्षक माया कोंदर की नजर जब अपने साथी पुलिस कर्मचारियों की सूनी कलाइयों पर पड़ी, तो उनका दिल भर आया। घर-परिवार से दूर त्योहार के दिन मुस्तैदी से फर्ज निभा रहे भाइयों की सूनी कलाई उनसे देखी नहीं गई।
दुकान से खरीदी राखी और मिठाई, तिलक लगाकर बांधी राखी
माया कोंदर ने बिना किसी झिझक के फौरन चौक बाजार की एक नजदीकी दुकान से राखी, रोली-सिंदूर, मिठाई और रुमाल खरीदे। इसके बाद उन्होंने ड्यूटी स्थल पर ही तैनात अपने साथी पुलिसकर्मियों के माथे पर रोली-तिलक लगाया, आरती उतारी और उनकी कलाई पर स्नेह का रक्षासूत्र बांधा। उन्होंने सभी को मिठाई खिलाई और उपहार स्वरूप रुमाल भेंट कर रक्षाबंधन की बधाई दी।
सहकर्मियों की आंखें हुईं नम, शहरवासियों ने की सराहना
त्योहार के दिन सड़क पर मिले इस आत्मीय और पारिवारिक स्नेह से ड्यूटी पर तैनात साथी जवानों की आंखें नम हो गईं। जवानों ने भी अपनी इस वर्दीधारी बहन को सुरक्षा, मान-सम्मान और आजीवन सहयोग का वचन दिया। खाकी वर्दी के भीतर धड़कते इस संवेदनशील और मानवीय रूप को देखकर चौक बाजार से गुजर रहे आम नागरिकों व व्यापारियों ने महिला आरक्षक माया कोंदर के इस आत्मीय कदम की मुक्तकंठ से सराहना की।




