पन्ना। मध्य प्रदेश के पन्ना जिले अंतर्गत देवेंद्रनगर में दुर्गा प्रतिमा विसर्जन के दौरान एक बड़ा और दर्दनाक हादसा घटित हुआ। देवेंद्रनगर बांध में प्रतिमा विसर्जित करते समय पांच लोग गहरे पानी में डूब गए। मौके पर मची चीख-पुकार के बीच स्थानीय नागरिकों और पुलिस की मदद से तीन लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, लेकिन दो युवकों की डूबने से मौत हो गई। मृतकों की पहचान आयुष अग्रवाल और कृष्ण सोनी के रूप में हुई है। त्योहार के उल्लास के बीच हुए इस असमय हादसे से पूरे क्षेत्र में मातम छा गया है और पीड़ित परिवारों का रो-रोकर बुरा हाल है।
जानकारी के अनुसार, दशहरे के अगले दिन सुबह से ही देवेंद्रनगर बांध पर नगर तथा आसपास के ग्रामीण इलाकों से लाई जा रही मां दुर्गा की प्रतिमाओं का विसर्जन चल रहा था। इसी दौरान दोपहर करीब 3 बजे सलेहा रोड, देवेंद्रनगर की प्रतिमा विसर्जन के लिए बांध पर पहुंची। विसर्जन की प्रक्रिया के दौरान गहरे पानी और असंतुलन की वजह से अचानक पांच लोग पानी में डूबने लगे। अचानक हुए इस घटनाक्रम से घाट पर मौजूद सैकड़ों श्रद्धालुओं में अफरा-तफरी और भगदड़ जैसी स्थिति बन गई।
हादसा होते ही घाट पर मौजूद तैराकों, स्थानीय लोगों और तैनात पुलिस बल ने तुरंत राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। कड़े मशक्कत के बाद तीन लोगों को समय रहते गहरे पानी से सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, विसर्जित की जा रही भारी प्रतिमा के नीचे दब जाने और गहरे पानी में फंसने के कारण आयुष अग्रवाल और कृष्ण सोनी को समय पर नहीं निकाला जा सका, जिससे उनका दम घुट गया।
रेस्क्यू के बाद सभी पांचों लोगों को तत्काल एंबुलेंस की मदद से देवेंद्रनगर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। वहां परीक्षण के उपरांत ड्यूटी डॉक्टरों ने आयुष अग्रवाल और कृष्ण सोनी को मृत घोषित कर दिया। वहीं प्राथमिक उपचार के उपरांत सुरक्षित बचाए गए अन्य तीन युवकों की गंभीर स्थिति को देखते हुए बेहतर चिकित्सा के लिए पन्ना जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया, जहां उनका उपचार जारी है।

















