भुवनेश्वर। ओडिशा के राजस्व और आपदा प्रबंधन मंत्री सुरेश पुजारी ने शुक्रवार को जनता को आश्वासन दिया कि राज्य सरकार आने वाले चक्रवाती तूफान से निपटने के लिए सभी तैयारियां पूरी कर चुकी है।सुरेश पुजारी ने मीडियाकर्मियों से बात करते हुए लोगों से आग्रह किया कि वे घबराएं नहीं, क्योंकि राज्य को भीषण मौसम आपदाओं से निपटने का व्यापक अनुभव है और वह ऐसी चुनौतियों का सामना करने के लिए तैयार है।

उन्होंने कहा कि प्रशासन चक्रवाती तूफान की अंतिम तीव्रता या उसके तट पर पहुंचने के स्थान की परवाह किए बिना, सबसे खराब स्थिति के लिए तैयार है। मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार के सभी संबंधित विभाग और जिला प्रशासन संभावित चक्रवात से उत्पन्न होने वाली किसी भी स्थिति का सामना करने के लिए पूरी तरह से तैयार है।

सुरेश पुजारी ने कहा, “चिंता करने या घबराने की कोई जरूरत नहीं है। यह चक्रवात भी आएगा और गुजर जाएगा और यह सुनिश्चित करने के लिए कि कोई बड़ा नुकसान न हो, राज्य सरकार ने सभी आवश्यक व्यवस्थाएं कर ली हैं।”

भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के मुताबिक, शुक्रवार को क्षेत्र में ऊपरी वायु चक्रवाती परिसंचरण के प्रभाव से दक्षिण-पूर्वी और उससे सटे पूर्वी मध्य बंगाल की खाड़ी में एक निम्न दबाव क्षेत्र का निर्माण हुआ है।

आईएमडी ने शुक्रवार को बताया, “संभावना है कि यह इसी क्षेत्र में बना रहेगा और 24 अक्टूबर को निम्न दबाव में बदल जाएगा। इसके बाद इसके पश्चिम-उत्तर-पश्चिम की ओर बढ़ने और 25 अक्टूबर को और अधिक तीव्र होकर गहरे निम्न दबाव में बदलने की प्रबल संभावना है। 26 अक्टूबर की सुबह तक पश्चिम-मध्य बंगाल की खाड़ी में चक्रवाती तूफान का रूप ले लेगा। इसके बाद यह और अधिक तीव्र होता रहेगा और अगले दो दिनों के दौरान पश्चिम-उत्तर-पश्चिम की ओर बढ़ते हुए उत्तरी आंध्र प्रदेश और उससे सटे दक्षिणी ओडिशा के तटों की ओर बढ़ेगा।”

इस बीच, आईएमडी भुवनेश्वर की निदेशक मनोरमा मोहंती ने कहा कि निम्न दबाव बनने के बाद सिस्टम के संभावित मार्ग का संकेत मिल जाएगा। उन्होंने आगे कहा कि इसके पश्चिम-उत्तर-पश्चिम की ओर बढ़ने की संभावना है।

ओडिशा के मछुआरों को 26 और 27 अक्टूबर को ओडिशा तटों के आसपास और उससे दूर समुद्र में न जाने की सलाह दी गई है। राज्य के तटीय क्षेत्रों में 27 अक्टूबर की शाम से बारिश की तीव्रता बढ़ने की संभावना है। राज्य में 29 अक्टूबर को बहुत भारी बारिश होने की आशंका है। हालांकि 26 अक्टूबर को तटीय जिलों में बिजली और गरज के साथ बारिश होने की संभावना है।