नई दिल्ली। भीषण चक्रवाती तूफान 'अर्नब' के तट से टकराने के बाद नागर विमानन मंत्रालय ने एयरलाइंस और हवाईअड्डा संचालकों को यात्रियों की सुरक्षा और सुविधा सुनिश्चित करने के लिए विशेष निर्देश जारी किए हैं। मंत्रालय ने कहा है कि सभी एयरलाइंस खराब मौसम से जुड़े परिचालन दिशानिर्देशों का सख्ती से पालन करें, उड़ानों में देरी या रद्द होने की स्थिति में यात्रियों को समय पर जानकारी दें तथा री-बुकिंग और रिफंड से जुड़े नियमों का पालन करें।स्थिति का आकलन करने और विमानन सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए मंत्रालय ने एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक भी आयोजित की। मंत्रालय के अनुसार, चक्रवात का सबसे अधिक असर तटीय आंध्र प्रदेश और दक्षिणी ओडिशा, विशेष रूप से भुवनेश्वर से आने-जाने वाली उड़ानों पर पड़ने की आशंका है। वहीं तूफान की दिशा के आधार पर हैदराबाद, वाराणसी, प्रयागराज और गोरखपुर में भी उड़ानों के संचालन पर परोक्ष प्रभाव पड़ सकता है।
मंत्रालय ने कहा कि यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (एएआई), नागर विमानन महानिदेशालय (डीजीसीए), नागर विमानन सुरक्षा ब्यूरो (बीसीएएस), भारतीय मौसम विभाग (आईएमडी), एयरलाइंस, एयरपोर्ट ऑपरेटरों, राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (एनडीआरएफ) तथा आंध्र प्रदेश, ओडिशा और पश्चिम बंगाल की आपदा प्रबंधन एजेंसियों के बीच समन्वय को मजबूत किया गया है।
चक्रवात के प्रभाव के चलते विशाखापट्टनम हवाईअड्डे पर 27 अक्टूबर की दोपहर से उड़ान संचालन निलंबित कर दिया गया था। विजयवाड़ा और राजमुंदरी हवाईअड्डों पर भी 27 अक्टूबर शाम 7 बजे के बाद सभी उड़ानें रोक दी गईं। वहीं दिल्ली-भोगापुरम-दिल्ली सेवा को 28 अक्टूबर के लिए रद्द कर दिया गया है।
एयर इंडिया ने दिल्ली-विशाखापट्टनम-दिल्ली (27 अक्टूबर) और दिल्ली-विजयवाड़ा-दिल्ली (28 अक्टूबर) सेक्टरों की कुल छह उड़ानें रद्द की हैं। एयर इंडिया एक्सप्रेस ने 13 उड़ानें रद्द की हैं, जिनमें विशाखापट्टनम से हैदराबाद, बेंगलुरु और विजयवाड़ा के बीच संचालित अधिकांश उड़ानें शामिल हैं। इसके अलावा वाराणसी-बैंकॉक और बैंकॉक-विशाखापट्टनम सेवाएं भी प्रभावित हुई हैं।
इंडिगो ने विशाखापट्टनम के लिए अपनी सभी उड़ानें निलंबित कर दी हैं, जबकि विजयवाड़ा और राजमुंदरी में भी 27 अक्टूबर शाम के बाद संचालन रोक दिया गया। अकासा एयर ने 28 अक्टूबर के लिए दिल्ली-भोगापुरम और वापसी की उड़ानें रद्द कर दी हैं। हालांकि एलायंस एयर ने अब तक किसी उड़ान रद्दीकरण की घोषणा नहीं की है और उसका परिचालन सामान्य बना हुआ है।
नागर विमानन मंत्रालय ने यात्रियों को सलाह दी है कि वे घर से निकलने से पहले एयरलाइन की वेबसाइट, मोबाइल ऐप, हेल्पलाइन या एसएमएस के माध्यम से अपनी उड़ान की स्थिति अवश्य जांच लें। मंत्रालय ने कहा है कि केवल तभी हवाईअड्डे के लिए रवाना हों जब उड़ान की पुष्टि हो जाए। यात्रियों को अतिरिक्त यात्रा समय का भी ध्यान रखना चाहिए, क्योंकि तटीय आंध्र प्रदेश और ओडिशा में जलभराव और सड़क बंद होने जैसी समस्याएं सामने आ सकती हैं।
मंत्रालय ने एयरलाइंस और हवाईअड्डा संचालकों को वरिष्ठ नागरिकों, दिव्यांग यात्रियों, छोटे बच्चों के साथ यात्रा कर रहे परिवारों और मेडिकल जरूरत वाले यात्रियों को विशेष सहायता प्रदान करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही यदि किसी यात्री की शिकायत का समाधान नहीं होता है, तो उसे पहले संबंधित एयरलाइन से संपर्क करने और उसके बाद एयरसेवा पोर्टल या मोबाइल ऐप के माध्यम से शिकायत दर्ज कराने की सलाह दी गई है।

















