पणजी। गोवा के मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत शनिवार को गोवा इंजीनियरिंग कॉलेज के डायमंड जुबली कार्यक्रम में शामिल हुए। यह कार्यक्रम पणजी स्थित लोक भवन में आयोजित किया गया था। इस मौके पर मुख्यमंत्री ने कहा कि गोवा सरकार इंजीनियरिंग कॉलेज के इंफ्रास्ट्रक्चर विकास के लिए जितना जरूरी होगा, उतना खर्च करने के लिए तैयार है।मुख्यमंत्री ने कहा कि इस इंजीनियरिंग कॉलेज से कई छात्र ग्रेजुएट हुए हैं और उन्होंने राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर गोवा का नाम रोशन किया है।
मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने पत्रकारों से कहा, "गोवा कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग की 60वीं वर्षगांठ को चिह्नित करने के लिए रजत जयंती शैली का समारोह आयोजित किया गया था। इस संस्थान के पूर्व छात्र वर्तमान में देश और विदेश में विभिन्न महत्वपूर्ण भूमिकाओं में सेवा दे रहे हैं, जिसमें इसरो और डीआरडीओ जैसे संगठनों में प्रमुख पद शामिल हैं। मैं उन सभी को दिल से बधाई देता हूं।"
उन्होंने कहा, "हमने अगले 25 वर्षों के लिए दूरदर्शी सोच के साथ कॉलेज के बुनियादी ढांचे का विस्तार करने की योजना बनाई है। मैंने गोवा कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग (जीईसी) के प्रबंधन को आश्वासन दिया है कि गोवा सरकार भविष्योन्मुखी, नवीन तकनीकी उन्नयन के लिए जो भी समर्थन आवश्यक है, उसे प्रदान करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।"
गोवा इंजीनियरिंग कॉलेज एक तकनीकी संस्थान है जिसका फोकस शिक्षा में उत्कृष्टता, रिसर्च, इंडस्ट्री सहयोग और छात्रों में मानवीय मूल्यों को बढ़ावा देने पर है।
कॉलेज का मिशन उच्च शैक्षणिक मानकों को सुनिश्चित करने वाला पाठ्यक्रम तैयार करना और उसे लागू करना है। ऐसा इंफ्रास्ट्रक्चर प्रदान करना जो शैक्षणिक और एडवांस रिसर्च की जरूरतों को पूरा करे।
छात्र और फैकल्टी एक्सचेंज प्रोग्राम और इंटर्नशिप के माध्यम से राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय संस्थानों, प्रयोगशालाओं और उद्योगों के साथ सहयोग करना। राज्य और देश के लिए प्रासंगिक कंसल्टेंसी प्रोजेक्ट शुरू करना। छात्रों और फैकल्टी में मानवीय मूल्यों, पर्यावरण के प्रति जागरूकता और टिकाऊ समाधानों को बढ़ावा देना और नवाचार, उद्यमिता, नेतृत्व और संसाधन प्रबंधन कौशल को विकसित करना है।















