टीकमगढ़, मोहसिन अहमद। जिले की बल्देवगढ़ तहसील के देवीनगर में पदस्थ महिला पटवारी निधि तिवारी की तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें जिला अस्पताल के आईसीयू वार्ड में भर्ती कराया गया है। इस घटना के बाद सरकारी कर्मचारियों पर काम के दबाव को लेकर सवाल उठने लगे हैं।

परिजनों का आरोप है कि बल्देवगढ़ तहसीलदार प्राची जैन ने फोन पर निधि तिवारी को शाम 5 बजे तक पांच रजिस्ट्री कराने का दबाव बनाया था। परिजनों का दावा है कि इसी दबाव के बीच उनकी तबीयत बिगड़ गई। हालांकि, मामले में तहसीलदार का पक्ष सामने आना अभी बाकी है।

परिजनों के मुताबिक, निधि तिवारी के पति मनोज तिवारी की भी कथित तौर पर काम के दबाव के चलते मृत्यु हो गई थी। पति की मृत्यु के बाद निधि तिवारी को अनुकंपा नियुक्ति मिली थी। वहीं, पटवारी संघ के अध्यक्ष सी.पी. समारी ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा, “हम लोग बर्खास्त होने के लिए तैयार हैं।” फिलहाल महिला पटवारी की तबीयत बिगड़ने के मामले ने प्रशासनिक कार्यप्रणाली और कर्मचारियों पर काम के दबाव को लेकर चर्चा तेज कर दी है।