बेंगलुरु। पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस वर्किंग कमेटी (सीडब्ल्यूसी) के सदस्य सिद्दारमैया से जुड़े स्टिंग ऑपरेशन मामले में केंद्रीय मंत्री एच.डी. कुमारस्वामी का नाम आने के बाद जेडी(एस) कार्यकर्ताओं के अचानक विरोध प्रदर्शन की संभावना के बीच बेंगलुरु पुलिस कमिश्नर ऑफिस और उसके आसपास पुलिस सुरक्षा काफी बढ़ा दी गई है।पुलिस सूत्रों ने बताया कि कर्नाटक स्टेट रिजर्व पुलिस (केएसआरपी) की दो प्लाटून और 50 से ज्यादा पुलिस कर्मियों को कमिश्नर ऑफिस में तैनात किया गया है। जेडी(एस) कार्यकर्ता सोशल मीडिया पर बयानों के जरिए इस घटनाक्रम पर गुस्सा दिखा रहे हैं, जिसके बाद पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी है। मौके पर इकट्ठा होने वाले किसी भी ग्रुप को ले जाने के लिए कमिश्नर ऑफिस के पास एक पुलिस बस भी खड़ी की गई है।

खबर है कि पुलिस कर्मियों को बेंगलुरु पुलिस कमिश्नर ऑफिस के पास गड़बड़ी करने या गैर-कानूनी विरोध प्रदर्शन करने की कोशिश करने वाले किसी भी व्यक्ति को हिरासत में लेने का निर्देश दिया गया है। इस बीच, स्टिंग ऑपरेशन केस की जांच कर रही सेंट्रल क्राइम ब्रांच (सीसीबी) ने केस से जुड़े एक मोबाइल फोन के कथित लेन-देन और मूवमेंट की अपनी जांच तेज कर दी है।

जांच करने वाली टीमों में से एक ने टेक्निकल और डॉक्यूमेंट्री सबूत इकट्ठा करना जारी रखा है, जिसमें केस के संबंध में कथित तौर पर इस्तेमाल किए गए मोबाइल फोन से जुड़ा बिल हासिल करना और सीसीटीवी फुटेज को अपने कब्जे में लेना शामिल है।

पुलिस ने कथित तौर पर नई दिल्ली में जेडी(एस) से जुड़े एक मीडिया कंसल्टेंट आरोपी प्रज्वल प्रसाद को भी एक नोटिस जारी करके जांचकर्ताओं के सामने पेश होने के लिए कहा है। उसके बयान से जांच में अहम होने की उम्मीद है और कथित मोबाइल फोन लेन-देन से जुड़ी घटनाओं के क्रम के बारे में और स्पष्टता मिल सकती है।

प्रज्वल प्रसाद पर आरोप है कि वह केंद्रीय मंत्री कुमारस्वामी के घर पर एक मोबाइल फोन ले गए था। जांचकर्ता कथित लेन-देन से जुड़े हालात की जांच कर रहे हैं और स्टिंग ऑपरेशन वीडियो को अपलोड करने और सर्कुलेट करने की भी जांच कर रहे हैं।

सूत्रों के मुताबिक, पुलिस कुमारस्वामी को नोटिस जारी करने पर भी विचार कर रही है और जांच के हिस्से के तौर पर उनके घर का इंस्पेक्शन कर सकती है। एक और बड़ी बात यह है कि सीसीबी की एक स्पेशल विंग ने एक कन्नड़ न्यूज चैनल पर रेड मारी, जिसके मालिक ने पहले सिद्धारमैया से जुड़े स्टिंग ऑपरेशन की जिम्मेदारी ली थी।

खबर है कि सीसीबी ने ऑपरेशन शुरू करने से पहले सर्च वारंट लिया था। न्यूज चैनल की जगह पर रेड और सर्च ऑपरेशन के लिए 30 से ज्यादा सीसीबी अधिकारियों और स्टाफ को लगाया गया था। पुलिस ने बेंगलुरु के सहकारनगर इलाके में कन्नड़ न्यूज चैनल के मालिक के घर पर भी तलाशी की।