छिंदवाड़ा,जीशान अंसारी। जिले के चांद थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम बाड़ीवाड़ा स्थित पेंच नदी में अवैध रेत उत्खनन के खिलाफ कार्रवाई करने पहुंची खनिज विभाग की टीम पर हमले का प्रयास किए जाने का गंभीर मामला सामने आया है। इस घटना के बाद क्षेत्र में हड़कंप मच गया, वहीं पुलिस ने दो आरोपियों के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, पेंच नदी क्षेत्र में लंबे समय से अवैध रेत खनन की शिकायतें मिल रही थीं। स्थानीय लोगों और प्रशासन को लगातार मिल रही शिकायतों के बाद खनिज विभाग की टीम, जिसमें खनिज इंस्पेक्टर स्नेहलता ठावरे शामिल थीं, मौके पर कार्रवाई के लिए पहुंची। टीम के पहुंचते ही रेत माफियाओं में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
बताया जा रहा है कि कार्रवाई के दौरान एक ट्रैक्टर चालक मौके से भागने में सफल रहा, जबकि दूसरे ट्रैक्टर को खनिज अमले ने जब्त कर लिया। इसी कार्रवाई से नाराज होकर आरोपियों ने सरकारी टीम के साथ झूमा-झटकी, धक्का-मुक्की और गाली-गलौज शुरू कर दी। हालात इतने बिगड़ गए कि टीम पर हमले का प्रयास भी किया गया, जिससे मौके पर तनाव की स्थिति बन गई।
घटना के बाद खनिज इंस्पेक्टर स्नेहलता ठावरे ने चांद थाने में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने शिकायत के आधार पर आरोपी पंकज वर्मा और हरीनारायण वर्मा के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है और आरोपियों की तलाश जारी है।
इस घटना ने एक बार फिर जिले में सक्रिय रेत माफियाओं के बढ़ते हौसलों को उजागर कर दिया है। क्षेत्र में अवैध रेत उत्खनन को लेकर पहले भी कई बार शिकायतें सामने आ चुकी हैं, लेकिन कार्रवाई के बावजूद इस पर पूरी तरह लगाम नहीं लग पाई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि पेंच नदी से लगातार हो रहा अवैध खनन न केवल शासन को राजस्व की भारी हानि पहुंचा रहा है, बल्कि इससे नदी का प्राकृतिक स्वरूप भी बिगड़ रहा है। साथ ही पर्यावरण पर भी इसका नकारात्मक प्रभाव पड़ रहा है।
अब देखने वाली बात यह होगी कि सरकारी अमले पर हमले की इस गंभीर घटना के बाद प्रशासन रेत माफियाओं के खिलाफ कितना सख्त रुख अपनाता है और क्या इस अवैध कारोबार की जड़ तक पहुंचकर ठोस कार्रवाई की जाती है या नहीं।


