मैहर,पुष्पेन्द्र कुशवाहा। मैहर में एक ओर जहां धार्मिक मंचों से अधिक संतान पैदा करने की सलाह दी जा रही है, वहीं दूसरी ओर प्रशासनिक स्तर पर जिम्मेदार अभिभावक बनने की अपील जोर पकड़ती नजर आ रही है। इसी क्रम में मैहर कलेक्टर विदिशा मुखर्जी ने सिविल अस्पताल के औचक निरीक्षण के दौरान एक महत्वपूर्ण संदेश दिया। निरीक्षण के दौरान मेटरनिटी वार्ड में पहुंची कलेक्टर को जानकारी मिली कि एक महिला ने पांचवें बच्चे को जन्म दिया है। इस पर कलेक्टर ने सख्त लेकिन संवेदनशील रुख अपनाते हुए महिला को समझाइश दी कि इतने अधिक बच्चों का पालन-पोषण, शिक्षा और स्वास्थ्य सुनिश्चित करना बेहद कठिन होता है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि छोटा परिवार ही सुखी और सुरक्षित भविष्य की कुंजी है।


इस दौरान कलेक्टर ने स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए और परिवार नियोजन के प्रति जागरूकता की कमी पर नाराज़गी जताई। उन्होंने निर्देश दिए कि क्षेत्र में लोगों को छोटे परिवार के लाभ, मातृ स्वास्थ्य की सुरक्षा और जिम्मेदार अभिभावक बनने के लिए सक्रिय रूप से जागरूक किया जाए। यह घटना समाज के उस गंभीर पहलू को उजागर करती है, जहां आज भी पुत्र प्राप्ति की इच्छा में बार-बार संतानोत्पत्ति होती है, जिससे महिलाओं के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है और बच्चों के भविष्य पर भी सवाल खड़े होते हैं। जब तक समाज में सोच में बदलाव और जागरूकता नहीं आएगी, तब तक ऐसे मामले सामने आते रहेंगे।