छतरपुर। छतरपुर में तहसील स्तर पर हुए एक कथित बड़े घोटाले और वित्तीय अनियमितताओं के आरोपों में निलंबित चल रहे शासकीय कर्मचारी रामानंद पटेल को बहाल करते हुए कलेक्ट्रेट की स्थापना शाखा का प्रभारी बना दिया गया है। इस विवादित पदस्थापना के खिलाफ कलेक्टर से शिकायत की गई है, जिसके अनुसार रामानंद पटेल का प्रशासनिक रिकॉर्ड पहले से ही विवादित रहा है। वह पूर्व में छतरपुर में पदस्थ रहे बेहद चर्चित और दागी एसडीएम अनिल सपकाले का रीडर रह चुका है और उस दौरान भी कई गंभीर अनियमितताओं में उसका नाम सामने आया था।
इसके बाद तहसील स्तर पर उजागर हुए एक बड़े घोटाले में प्राथमिक संलिप्तता पाए जाने पर प्रशासन ने उसे सेवा से निलंबित कर दिया था। गंभीर वित्तीय और प्रशासनिक आरोपों से घिरे कर्मचारी को बहाल होते ही सीधे स्थापना शाखा जैसी महत्वपूर्ण और गोपनीय विंग का प्रभारी बनाए जाने पर कई सवाल खड़े हो रहे हैं। एक संवेदनशील पद पर एक दागी कर्मचारी की तैनाती से जांच प्रभावित होने और रिकॉर्ड्स में हेरफेर की प्रबल संभावना है।

