मास्को। रूसी राष्ट्रपति के प्रेस सचिव दिमित्री पेस्कोव ने सोमवार को कहा कि क्रेमलिन के पास यूक्रेन के साथ "एनर्जी ट्रूस" या एनर्जी सीजफायर (ऊर्जा संघर्षविराम) मुद्दे पर अभी कहने के लिए कुछ भी नहीं है।पेस्कोव ने मास्को में एक नियमित प्रेस वार्ता के दौरान ये बात कही। रूस की प्रमुख समाचार एजेंसी 'टीएएसएस' ने बताया कि क्रेमलिन प्रवक्ता ने कहा, "बातचीत जारी है। जैसे ही हमारे पास इस विषय पर कुछ कहने के लिए होगा, हम आपको जरूर बताएंगे।"

खबरों के मुताबिक, पेस्कोव ने इस बारे में सवालों का जवाब देने से भी इनकार कर दिया कि क्या संभावित "एनर्जी ट्रूस" (ऊर्जा क्षेत्र में युद्ध-विराम) सिर्फ तेल रिफाइनरियों या अन्य केंद्रों पर लागू होगा, या यह बातचीत खास तौर पर किसके साथ हो रही है?

रविवार को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रूस और यूक्रेन के बीच तत्काल "एनर्जी सीजफायर" (ऊर्जा क्षेत्र में युद्ध-विराम) की घोषणा करते हुए कहा कि दोनों पक्ष एक-दूसरे की ऊर्जा ढांचों पर हमले रोकने पर सहमत हो गए हैं।

ट्रंप ने 'ट्रुथ सोशल' पर लिखा, "तत्काल प्रभाव से, रूस और यूक्रेन ऊर्जा क्षेत्र में संघर्ष-विराम करने पर सहमत हो गए हैं। इसे न तोड़ें!"

व्हाइट हाउस ने लगभग 20 मिनट बाद 'एक्स' पर इस घोषणा को दोहराया था। ट्रंप ने यह नहीं बताया कि यह समझौता कब हुआ, इसमें कौन-कौन से ढांचे शामिल हैं, यह कितने समय तक चलेगा या इसकी निगरानी कैसे की जाएगी?

फरवरी 2022 में युद्ध शुरू होने के बाद से रूस और यूक्रेन ने बार-बार एक-दूसरे के ऊर्जा ढांचों पर हमले किए हैं।

इस बीच, पेस्कोव ने यह भी कहा कि यूरोप शांति का पक्षधर नहीं है।

सोमवार को 'टीएएसएस' ने क्रेमलिन प्रवक्ता के हवाले से कहा, "ईयू स्पष्ट रूप से 'शांति का पक्षधर' संबंधित नहीं हैं, यानी उस पक्ष से जो (यूक्रेन में संघर्ष का) शांतिपूर्ण समाधान चाहता है। इसके बजाय, यूरोप 'जंग का पक्षकार' हैं, जो इस जंग को खत्म न होने देने के लिए हर संभव कोशिश कर रहा है।"