छतरपुर। शहर के ओरछा रोड थाना क्षेत्र अंतर्गत धमौरा में एक डायवर्सनशुदा निजी भूमि पर खंभे और जाली लगाने गए जैन परिवार के ऊपर कुछ दबंगों द्वारा बंदूक की बट और लाठी-डंडों से जानलेवा हमले के विरोध में सोमवार को आक्रोशित व्यापारियों ने कलेक्ट्रेट और एसपी कार्यालय पहुंचकर ज्ञापन सौंपा है। व्यापारियों ने दो टूक चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई नहीं हुई, तो पूरे शहर के व्यापारिक प्रतिष्ठान अनिश्चितकाल के लिए बंद कर दिए जाएंगे।

क्या है पूरा मामला?

पीड़ित व्यापारी अभिषेक जैन ने बताया कि 26 तारीख को दोपहर 12 से 1 बजे के बीच वे अपनी निजी डायवर्सनशुदा भूमि पर खंभा और जाली लगा रहे थे। उसी समय अनिल कुशवाहा, अमर कुशवाहा और उनके साथी वहां आए, जो पूर्व से ही आपराधिक प्रवृत्ति के हैं और जिनके खिलाफ ओरछा रोड थाने में कई मामले दर्ज हैं। उन्होंने आते ही सीधा बंदूक की बट से मेरे सिर पर जोरदार वार किया। मुझे जमीन पर पटक कर दो-तीन लोग मेरे ऊपर चढ़ गए और बेरहमी से मारा। जब मुझे होश आया, तो हमलावर वहां से भाग चुके थे। इसी मामले में अ​भिषेक के पिता अरविंद जैन ने बताया कि यह पूरा विवाद प्रशासन की एक पुरानी गलती के कारण उपजा है। वर्ष 2013-14 में एक सरकारी अभियान के दौरान बिना किसी प्रकरण क्रमांक, बिना भू-स्वामियों के हस्ताक्षर या सक्षम अधिकारी के आदेश के, दफ्तर में बैठकर जमीनों की तरमीम कर दी गई। रिकॉर्ड में हेरफेर होने के कारण कंप्यूटर के नक्शे में जमीन पीछे दिखाई दे रही है, जबकि चौहद्दी के हिसाब से जमीन मुख्य मार्ग पर स्थित है। उन्होंने कहा कि यह जमीन 1999 से लगातार बिकती आ रही है। यदि किसी को आपत्ति थी तो उसे न्यायालय जाना चाहिए था, लेकिन आरोपियों ने कानून हाथ में लेकर उनके खंभे-जाली उखाड़ दिए और प्लॉट पर आने पर जान से मारने की धमकी दी। अरविंद जैन ने पुलिस पर आरोप लगाते हुए कहा कि हमने 4 तारीख को ही जान से मारने की धमकी की शिकायत थाने में की थी, लेकिन 8 तारीख तक कोई पुलिसकर्मी मौके पर नहीं गया। इस बीच आरोपियों ने कब्जा करने की कोशिश की। इसके बाद जब हम एसपी साहब के पास गए, तो उन्होंने पुलिस बल भेजने का आश्वासन दिया और हमें प्लॉट पर पहुंचने को कहा। हम सुबह 11 बजे से दोपहर 1 बजे तक प्लॉट पर पुलिस का इंतजार करते रहे, लेकिन पुलिस नहीं आई। इसी दौरान अमर कुशवाहा, अनिल कुशवाहा, कन्हैया कुशवाहा और उनके साथियों ने हमला कर दिया।

कलेक्टर-एसपी से न्याय की गुहार, बाजार बंद की चेतावनी

व्यापारियों के प्रतिनिधिमंडल ने आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी और राजस्व रिकॉर्ड की त्रुटि सुधारने की मांग की है। मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ अधिकारियों ने उचित और निष्पक्ष वैधानिक कार्रवाई का भरोसा दिया है। वहीं, जैन परिवार और व्यापारिक संगठन ने साफ कर दिया है कि यदि पुलिस ने इस मामले में टालमटोल की या उचित धाराएं लगाकर आरोपियों को जेल नहीं भेजा, तो वे न्याय के लिए उग्र आंदोलन करते हुए छतरपुर की सभी मंडियों और बाजारों को अनिश्चितकाल के लिए बंद कर देंगे।