जयपुर। केंद्रीय संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने शनिवार को कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार ने राष्ट्रीय अर्थव्यवस्था में पर्यटन क्षेत्र के योगदान को वर्तमान छह प्रतिशत से बढ़ाकर 2047 तक 10 प्रतिशत करने का लक्ष्य रखा है।

अंतरिम लक्ष्य के रूप में, केंद्र सरकार 2030 तक पर्यटन का हिस्सा सात प्रतिशत तक बढ़ाने के लिए काम कर रही है।

अपने आवास पर मीडिया को संबोधित करते हुए शेखावत ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत की बढ़ती वैश्विक प्रतिष्ठा का पर्यटन क्षेत्र पर सकारात्मक प्रभाव पड़ा है।

उन्होंने कहा कि विदेशी पर्यटकों की संख्या में लगातार वृद्धि हो रही है, जबकि घरेलू पर्यटन ने हाल के वर्षों में अभूतपूर्व वृद्धि दर्ज की है।

पर्यटन को विकेंद्रीकृत अर्थव्यवस्था का एक प्रमुख चालक बताते हुए केंद्रीय मंत्री ने कहा कि यह क्षेत्र सुनिश्चित करता है कि विकास के लाभ सीधे स्थानीय समुदायों तक पहुंचें।

उन्होंने आगे कहा कि पर्यटन, परिवहन, हस्तशिल्प, खाद्य एवं पेय पदार्थ और स्थानीय उत्पादों सहित विभिन्न क्षेत्रों में रोजगार और आय के अवसर पैदा करता है।

शेखावत ने इस बात पर जोर दिया कि कृषि के बाद पर्यटन में सबसे अधिक रोजगार के अवसर पैदा करने की क्षमता है।

इसी के अनुरूप, केंद्र सरकार देश भर में पर्यटन अवसंरचना को मजबूत करने और पर्यटक सुविधाओं में सुधार करने को प्राथमिकता दे रही है।

केंद्रीय मंत्री शेखावत ने कहा कि केंद्र सरकार की कल्याणकारी पहलों के कारण 25 करोड़ से अधिक लोग गरीबी रेखा से ऊपर उठ चुके हैं।

उन्होंने आगे कहा कि 2014 से भारत की अर्थव्यवस्था का आकार दोगुने से अधिक हो गया है, जबकि प्रति व्यक्ति आय और किसानों की आय में भी वृद्धि हुई है।

उन्होंने कहा कि प्रभावी मुद्रास्फीति प्रबंधन से लोगों की क्रय शक्ति में वृद्धि हुई है, जिसके परिणामस्वरूप घरेलू पर्यटन में उल्लेखनीय उछाल आया है।

राजस्थान में तबादलों की प्रक्रिया से संबंधित एक प्रश्न के उत्तर में शेखावत ने कहा कि तबादलों पर लंबे समय से लगी रोक हटने के बाद कई कर्मचारियों ने पारिवारिक परिस्थितियों, स्वास्थ्य समस्याओं और अन्य वास्तविक कठिनाइयों का हवाला देते हुए उनसे संपर्क किया।

उन्होंने कहा कि उनके कार्यालय ने ऐसे आवेदनों को संबंधित मंत्रियों के समक्ष विचार के लिए भेज दिया है। केंद्रीय मंत्री के अनुसार, पात्र कर्मचारियों में से अधिकांश को तबादलों की प्रक्रिया का लाभ मिल चुका है।

हालांकि, कठिन तबादलों या अन्य प्रशासनिक कारणों से संबंधित मामलों में अभी भी आवेदन प्राप्त हो रहे हैं। उन्होंने तबादलों की प्रक्रिया को एक नियमित प्रशासनिक प्रक्रिया बताया जो अगले कुछ दिनों तक जारी रहेगी।

आईएएनएस

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