भोपाल। मध्य प्रदेश में वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान आयकर रिटर्न (आईटीआर) दाखिल करने वाले कारोबारियों की संख्या में उल्लेखनीय बढ़ोतरी दर्ज की गई है। इस वर्ष 77 हजार से अधिक नए कारोबारियों ने पहली बार आयकर रिटर्न भरा, जिससे कारोबारी करदाताओं की संख्या 9.26 प्रतिशत बढ़कर 17,57,839 से 18,35,512 हो गई। वहीं, टैक्स फ्री आय की सीमा बढ़ाकर 12.75 लाख रुपये वार्षिक किए जाने के कारण वेतनभोगी करदाताओं की संख्या में 12 हजार से अधिक की कमी दर्ज की गई।
प्रदेश में वर्ष 2025-26 के दौरान कुल 38,24,300 आयकर रिटर्न दाखिल किए गए, जबकि पिछले वर्ष यह संख्या 37,51,318 थी। राज्य में 74 लाख से अधिक पैन कार्ड धारक होने के बावजूद लगभग आधे लोग ही आयकर रिटर्न दाखिल कर रहे हैं। आयकर विभाग के अनुसार, वर्ष 2025-26 में मध्य प्रदेश से 32 हजार करोड़ रुपये से अधिक का आयकर संग्रह हुआ, जो निर्धारित लक्ष्य का करीब 97.05 प्रतिशत रहा। पिछले वर्ष कुल कर संग्रह 32,300 करोड़ रुपये था।
आयकर विभाग ने वर्ष 2025-26 में प्रदेश के करदाताओं को 19,168 करोड़ रुपये से अधिक का रिफंड जारी किया, जबकि वर्ष 2024-25 में यह राशि 13,300 करोड़ रुपये थी। एडवांस टैक्स कलेक्शन में जबलपुर परिक्षेत्र सबसे आगे रहा, जहां 3,755 करोड़ रुपये जमा हुए। इसके बाद इंदौर में 3,577 करोड़, भोपाल में 1,129 करोड़ और ग्वालियर में 270 करोड़ रुपये का संग्रह दर्ज किया गया।
नॉन-कॉरपोरेट श्रेणी में फिल्म अभिनेता कार्तिक आर्यन ने वर्ष 2025-26 में 21 करोड़ रुपये एडवांस आयकर के रूप में जमा किए, जबकि पिछले वर्ष उन्होंने 11 करोड़ रुपये का टैक्स भरा था। वहीं, ग्वालियर के कारोबारी सुमित गुप्ता ने 31.67 करोड़ रुपये का आयकर जमा किया। प्रधान मुख्य आयकर आयुक्त (मध्य प्रदेश-छत्तीसगढ़) मोना मोहंती ने कहा कि कर भुगतान और रिफंड प्रक्रिया को सरल बनाने के लिए किए गए सुधारों से करदाताओं को सुविधा मिली है तथा टैक्स जागरूकता बढ़ाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।




