छतरपुर। ज्येष्ठ मास की तपती गर्मी में प्यासे प्राणियों की सेवा को सर्वोपरि बताते हुए फलाहारी आश्रम प्रयागराज के महंत रामरतन दास महाराज ने कहा कि इस माह में जलदान सबसे बड़ा पुण्य का कार्य है। इसी भावना के साथ हिंदू उत्सव समिति के पशु पक्षी पेयजल अभियान के तहत टंकियां और सकोरों के विशेष पूजन एवं सेवा कार्यों का आयोजन किया गया। फलाहारी आश्रम पीठाधीश्वर रामरतन दास महाराज के सान्निध्य में विधिवत पूजा-अर्चना की गई। इस अवसर पर पूज्य महंत रामनारायण दास जी भुवनेश्वर, महंत जयराम दास जी श्रृंगवेरपुर धाम की गरिमामय उपस्थिति रही।
जानकारी के मुताबिक एक धार्मिक कार्यक्रम में शामिल होने आए प्रयागराज के अरेल स्थित फलाहारी आश्रम पीठाधीश पूज्य रामरतन दास महाराज, उड़ीसा भुवनेश्वर के रामनारायण दास महाराज एवं श्रंगवेरपुर के जय रामदास महाराज हिंदू समिति के राम नाम बैंक में पधारे। इस समय हिंदू उत्सव समिति का पशु पक्षी पेयजल अभियान चल रहा है इस अभियान में संतों की सन्निधि प्राप्त हुई। पवन संतो के पूजन के पश्चात विभिन्न स्थानों पर पानी की टंकियां रखवाई गईं तथा पेड़ों और सार्वजनिक स्थलों पर सकोरे (मिट्टी के पात्र) टांगे गए, ताकि पशु पक्षियों को आसानी से जल उपलब्ध हो सके।
इस अवसर पर हिंदू उत्सव समिति के अध्यक्ष पवन मिश्रा ने संतों का स्वागत किया। संतों ने समिति के कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि समाज को भी इससे प्रेरणा लेकर कार्य करना चाहिए। संतों ने अपने संदेश में कहा कि जल ही जीवन है और ज्येष्ठ मास में जलदान न केवल धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है बल्कि मानवीय संवेदना का भी प्रतीक है। उन्होंने लोगों से अधिक से अधिक जल सेवा करने और पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लेने की अपील की।

