बगदाद। इराक के एरबिल में 4 अज्ञात ड्रोन क्रैश होने का दावा एक कुर्द सुरक्षा सूत्र ने किया है। सूत्र के अनुसार बुधवार को इराक के अर्द्ध-स्वायत्त कुर्दिस्तान की राजधानी एरबिल के अलग-अलग इलाकों में चार ड्रोन गिरे। इस दुर्घटना में सामान का नुकसान हुआ लेकिन कोई हताहत नहीं हुआ।

सोर्स ने नाम न बताने की शर्त पर सिन्हुआ को बताया कि एक ड्रोन सोरान इलाके में एक रिहायशी घर से टकरा गया, जिससे सामान का नुकसान हुआ और आस-पास के घरों की खिड़कियां टूट गईं।

सोर्स ने आगे बताया कि दो ड्रोन खलीफान इलाके के पास गिरे, जबकि चौथा हरीर इलाके के पास क्रैश हुआ, जिससे घास में आग लग गई। सोर्स ने बताया कि सिविल डिफेंस टीमें मौके पर पहुंचीं और आग पर काबू पा लिया। इस हमले में किसी के हताहत होने की खबर नहीं है।

वहीं, कुर्दिश मीडिया के अनुसार, ईरान ने बुधवार को इराक के उत्तरी एरबिल प्रांत में ईरानी कुर्द विपक्षी समूहों के ठिकानों पर मिसाइलों और ड्रोन से भीषण हमला किया। एक पेशमर्गा कमांडर के हवाले से बताया गया कि हमले एरबिल प्रांत की अलामा घाटी में कोमाला पार्टी और कुर्दिस्तान डेमोक्रेटिक पार्टी ऑफ ईरान (केडीपीआई) के लड़ाकों को निशाना बना कर किए गए। अभी तक इस हमले में किसी के हताहत होने की पुष्टि नहीं हुई है।

बता दें, अमेरिका और ईरान के बीच चल रहे टकराव से क्षेत्रीय तनाव बढ़ा है। इराक के कुर्दिस्तान इलाके में हाल ही में ड्रोन और मिसाइल हमलों में बढ़ोतरी देखी गई है।

फरवरी में युद्ध शुरू होने के बाद से, कुर्द इलाके में सैकड़ों मिसाइलें और ड्रोन गिरे हैं। मंगलवार को ही अल जजीरा ने कुर्दिस्तान रीजनल गवर्नमेंट (केआरजी) के प्रधानमंत्री मसरूर बरजानी से बातचीत का वीडियो प्रसारित किया। जिसमें उन्होंने कहा कि इस इलाके ने युद्ध में "भारी कीमत चुकाई है"।

बरजानी ने अल जजीरा के शो, द इंटरव्यू के दौरान कहा, "हमें ईरान से या इराक के अंदर से कुछ विद्रोही गुटों ने सीधे मिसाइलों और ड्रोन से 1,000 से ज्यादा बार निशाना बनाया है। हमें लगता है कि कुर्दिस्तान पर ये सभी हमले गलत हैं। बदकिस्मती से, हमारे लोग हताहत हुए और हमने अपने लोगों को खोया। हमारे कई संपत्तियों को बुरी तरह नुकसान पहुंचाया गया है।"