ग्रेटर नोएडा। केंद्रीय वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने कहा कि नए फ्री ट्रेड एग्रीमेंट्स (एफटीए) से भारत के लिए वैश्विक बाजारों में अवसर बढ़ेंगे और उत्तर प्रदेश का निर्यात 2030 तक दोगुना से अधिक बढ़कर 5 लाख करोड़ रुपए पहुंचने का अनुमान है, जो कि मौजूदा समय में करीब 2 लाख करोड़ रुपए पर है।ग्रेटर नोएडा में यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो को संबोधित करते हुए गोयल ने कहा कि निर्यात, निवेश और ग्लोबल मार्केट तक पहुंच बढ़ाने से राज्य को 1 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने के लक्ष्य को हासिल करने में मदद मिलेगी।

मंत्री ने कहा कि एफटीए से उत्तर प्रदेश के प्रोडक्ट्स और ब्रांड्स को अंतरराष्ट्रीय पहचान मिलने में मदद मिलेगी, जिससे राज्य के उद्यमियों के लिए नए मौके पैदा होंगे।

उन्होंने विकास के इस सफर को आगे बढ़ाने के लिए राज्य के व्यापार और इंडस्ट्री जगत से सक्रिय भागीदारी और सहयोग की अपील की।

उन्होंने कहा कि दुनिया से भारत में नया निवेश आने की उम्मीद है और बताया कि बेहतर औद्योगिक नीतियों और सक्रिय औद्योगिक योजनाओं की वजह से उत्तर प्रदेश निवेश के लिए एक पसंदीदा जगह बनकर उभरा है। उन्होंने कहा कि अलग-अलग सेक्टर में बड़ी कंपनियां और ग्लोबल निवेशक आ रहे हैं, जिससे रोजगार के नए मौके बन रहे हैं।

केंद्रीय मंत्री ने राज्य के विकास को आगे बढ़ाने में आधुनिक तकनीक, अंतरराष्ट्रीय कंपनियों और उत्तर प्रदेश के युवाओं की बेहतर होती कारीगरी और तकनीकी कौशल की भूमिका पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि इतने बड़े स्तर के अंतरराष्ट्रीय आयोजन ग्लोबल मार्केट तक सीधी पहुंच का मौका देते हैं, जिससे उत्तर प्रदेश के अलग-अलग तरह के उत्पाद, खान-पान और सेवाएं अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक पहुंच पाती हैं।

उन्होंने उत्तर प्रदेश में एक्सप्रेसवे, आधुनिक एयरपोर्ट और इंडस्ट्रियल पार्क के विकास पर जोर दिया और डिफेंस, सेमीकंडक्टर, इलेक्ट्रॉनिक्स और अन्य आधुनिक हाई-टेक्नोलॉजी क्षेत्रों में राज्य की बढ़ती मौजूदगी का जिक्र किया। उन्होंने ग्रेटर नोएडा में एक बड़ी रोबोटिक्स मैन्युफैक्चरिंग यूनिट के विस्तार का भी उदाहरण दिया, जो आधुनिक औद्योगिक विकास और तकनीकी प्रगति को दर्शाता है।