लखनऊ। उत्तर प्रदेश विधानमंडल का मानसून सत्र सोमवार, 3 अगस्त से शुरू होने जा रहा है। सत्र के सुचारू संचालन और सुरक्षा-व्यवस्था को लेकर प्रशासनिक और राजनीतिक स्तर पर तैयारियां पूर्ण कर ली गई हैं। सत्र शुरू होने से ठीक एक दिन पहले, रविवार (2 अगस्त) को विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना की अध्यक्षता में कार्यमंत्रणा समिति और सर्वदलीय बैठक आयोजित की गई, जिसमें मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सहित विभिन्न प्रमुख नेता मौजूद रहे। बैठक का मुख्य उद्देश्य सदन की कार्यवाही को व्यवस्थित और शांतिपूर्ण तरीके से संचालित करने के लिए सभी दलों के साथ समन्वय बनाना है।


3 से 6 अगस्त तक चलेगा सत्र, पेश होगा अनुपूरक बजट

4 दिवसीय मानसून सत्र के दौरान कई महत्वपूर्ण विधायी कार्य और वित्तीय प्रस्ताव पटल पर रखे जाएंगे: सदन के दिवंगत सदस्यों को श्रद्धांजलि दी जाएगी। राज्य सरकार द्वारा वित्तीय वर्ष 2026-27 का अनुपूरक बजट पेश किया जाएगा। इसके साथ ही अध्यादेश और महत्वपूर्ण संशोधन विधेयक पटल पर रखे जाएंगे। अनुपूरक बजट की मांगों पर चर्चा, मतदान तथा अन्य विधायी कार्यों एवं विधेयकों को पारित कराने की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।


किन मुद्दों पर गर्मा सकता है माहौल?

सदन के भीतर सरकार और विपक्ष के बीच तीखी बहस की संभावना जताई जा रही है:

योगी सरकार अनुपूरक बजट के माध्यम से बुनियादी ढांचे के विकास (एक्सप्रेस-वे, कॉरिडोर), युवाओं के रोजगार, किसानों के कल्याण और विकास योजनाओं को गति देने पर केंद्रित रहेगी। समाजवादी पार्टी और अन्य विपक्षी दल कानून-व्यवस्था, किसानों की समस्याओं, युवाओं के मुद्दों, महंगाई, परीक्षा और पेपर लीक से जुड़े मामलों को उठाकर सरकार को घेरने की तैयारी में हैं।


लखनऊ में कड़े सुरक्षा इंतजाम और ट्रैफिक रूट डायवर्जन

विधानसभा सत्र के मद्देनजर राजधानी लखनऊ में विधान भवन और उसके आसपास त्रिस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था लागू की गई है। ट्रैफिक पुलिस ने आम जनता को असुविधा से बचाने के लिए प्रमुख मार्गों पर रूट डायवर्जन की योजना लागू की है। एम्बुलेंस, स्कूली वाहनों और अति-आवश्यक सेवाओं को प्रतिबंधों से मुक्त रखा गया है।