सागर, जीशान खान। गोपालगंज थाना पुलिस ने लंबे समय से फरार चल रहे एक आदतन अपराधी को गिरफ्तार करने के लिए अनोखी रणनीति अपनाते हुए हाथ ठेला लेकर उसके घर पहुंचकर उसे दबोच लिया। पुलिस की इस कार्रवाई की पूरे शहर में चर्चा हो रही है। आरोपी अंकित बेन उर्फ मगरा लूट, मारपीट, चाकूबाजी, अड़ीबाजी और धमकी जैसे गंभीर मामलों में वांछित था तथा लंबे समय से पुलिस गिरफ्त से बाहर चल रहा था।


पुलिस के अनुसार आरोपी गिरफ्तारी से बचने के लिए स्वयं को घायल और चलने-फिरने में असमर्थ बताकर कार्रवाई से बचने का प्रयास कर रहा था। उसकी इस चाल की जानकारी मिलने के बाद गोपालगंज थाना पुलिस ने विशेष योजना बनाई। मंगलवार को पुलिस टीम हाथ ठेला लेकर आरोपी के घर पहुंची, ताकि यदि वह बीमारी या चोट का बहाना बनाए तो उसे ठेले पर बैठाकर थाने लाया जा सके। हालांकि पुलिस को देखते ही आरोपी ने बीमारी का हवाला दिया, लेकिन पुलिस पहले से उसकी रणनीति से वाकिफ थी और मौके पर ही उसे गिरफ्तार कर लिया।


थाना प्रभारी घनश्याम शर्मा ने बताया कि 11 फरवरी को ऑटो चालक भास्कर श्रीवास्तव की शिकायत पर आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज किया गया था। शिकायत में आरोप था कि आरोपी ने क्षेत्र में ऑटो चलाने के एवज में 300 रुपये की मांग की थी। पैसे देने से इनकार करने पर उसने ऑटो चालक के साथ गाली-गलौज की, कटर से हमला कर मारपीट की और जान से मारने की धमकी दी थी। घटना के बाद से आरोपी फरार चल रहा था।


पुलिस जांच में सामने आया कि फरारी के दौरान आरोपी का अन्य लोगों से विवाद हुआ था, जिसमें उसे चोटें आई थीं। इसके बाद वह अलग-अलग स्थानों पर नाम बदलकर इलाज कराता रहा ताकि पुलिस उसकी पहचान न कर सके। पुलिस लगातार उसकी गतिविधियों पर नजर रखे हुए थी और घर पर मौजूद होने की सूचना मिलने पर उसे गिरफ्तार कर लिया गया।


पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार अंकित उर्फ मगरा के खिलाफ पहले से चार आपराधिक प्रकरण दर्ज हैं और वर्तमान मामला उसका पांचवां अपराध है। उसके खिलाफ मारपीट, अड़ीबाजी, धमकी और अन्य आपराधिक गतिविधियों से जुड़े कई मामले दर्ज हैं। थाना प्रभारी ने बताया कि आरोपी के खिलाफ गुंडा फाइल खोलने की तैयारी की जा रही है तथा जिला बदर की कार्रवाई भी प्रस्तावित की जाएगी। पुलिस का कहना है कि क्षेत्र में अपराध करने वाले असामाजिक तत्वों के खिलाफ सख्त कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।


गोपालगंज पुलिस की इस अनोखी कार्रवाई को लोगों ने सराहा है। पुलिस का मानना है कि अपराधियों द्वारा कानून से बचने के लिए अपनाए जा रहे नए हथकंडों का जवाब भी अब प्रभावी और रणनीतिक तरीके से दिया जाएगा।