मंदसौर, ललित शंकर धाकड़। पवित्र सावन मास की शुरुआत के साथ ही विश्वप्रसिद्ध अष्टमुखी भगवान पशुपतिनाथ मंदिर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ने लगी है। गुरुवार सुबह से ही बड़ी संख्या में भक्त बाबा पशुपतिनाथ के दर्शन, पूजन-अर्चन और जलाभिषेक के लिए मंदिर पहुंच रहे हैं। पूरे मंदिर परिसर में भक्तिमय वातावरण बना हुआ है और श्रद्धालु अपनी मनोकामनाओं की पूर्ति के लिए विशेष पूजा-अर्चना कर रहे हैं।


पशुपतिनाथ लोक बनने के बाद यह पहला सावन है, जिसे लेकर मंदिर समिति और जिला प्रशासन ने व्यापक तैयारियां की हैं। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए चार पार्किंग स्थल, चिकित्सकों की टीम, सुरक्षा व्यवस्था, यातायात प्रबंधन, पेयजल, प्रकाश व्यवस्था तथा सुगम दर्शन की विशेष व्यवस्था की गई है। प्रशासन का उद्देश्य पूरे सावन माह में आने वाले लाखों श्रद्धालुओं को सुरक्षित, सुव्यवस्थित और सहज दर्शन कराना है।


इस बार सावन का सबसे बड़ा आकर्षण महाकाल मंदिर की तर्ज पर पहली बार आयोजित होने वाली 'भस्म शयन आरती' रहेगी। इसके साथ ही प्रतिदिन मंगल आरती, प्रातः आरती, भोग आरती और संध्या आरती पूर्ववत आयोजित की जाएगी। श्रद्धालुओं के लिए मनोकामना अभिषेक की व्यवस्था भी पूरे सावन मास जारी रहेगी।


मंदिर समिति का मानना है कि अध्यात्म और आधुनिक सुविधाओं का यह समन्वय पशुपतिनाथ लोक को नई पहचान देगा। सावन माह में देश-प्रदेश से बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना को देखते हुए प्रशासन लगातार व्यवस्थाओं की निगरानी कर रहा है, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।