जबलपुर, 23 मई । ट्विशा शर्मा की मौत के मामले में आरोपी समर्थ सिंह के वकील जयदीप कौरव ने समाचार एजेंसी आईएएनएस से बातचीत में बताया कि समर्थ सिंह की ओर से उच्च न्यायालय में अग्रिम जमानत याचिका दायर की गई थी। बाद में उसे वापस ले लिया गया और यह कहा गया कि वे स्वयं न्यायालय में सरेंडर करना चाहते हैं।वकील जयदीप कौरव ने बताया कि सरेंडर करने के लिए समर्थ सिंह जबलपुर जिला न्यायालय पहुंचे, लेकिन तब तक न्यायालय का समय समाप्त हो चुका था। इसके बाद समर्थ सिंह ने जबलपुर पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर दिया। जबलपुर पुलिस ने समर्थ सिंह को अपनी कस्टडी में लेकर भोपाल पुलिस को सौंप दिया।

वकील ने बताया, "समर्थ सिंह के जबलपुर पहुंचने की वजह मुझे नहीं पता। हो सकता है कि वे यह समझ नहीं पाए हों कि उन्हें भोपाल के बजाय जबलपुर में सरेंडर करना है। शायद यही कारण रहा होगा कि वे भोपाल न जाकर जबलपुर पहुंचे और वहां सरेंडर किया।" वकील ने यह भी बताया कि मौजूदा समय में समर्थ सिंह भोपाल पुलिस की कस्टडी में हैं और पुलिस उन्हें भोपाल ले जाकर जांच करेगी।

वकील ने कहा कि पुलिस मामले की जांच कर रही है। जांच पूरी होने और पुलिस की अंतिम रिपोर्ट पेश होने के बाद ही आगे की स्थिति स्पष्ट हो पाएगी। उन्होंने बताया कि समर्थ सिंह करीब साढ़े चार बजे न्यायालय पहुंचे थे, लेकिन तब तक कोर्ट का समय समाप्त हो चुका था। इसके बाद उन्हें जबलपुर पुलिस की कस्टडी में दे दिया गया। वकील ने यह भी कहा कि समर्थ सिंह के कपड़े बदलने की जानकारी उन्हें नहीं है।

बता दें कि ट्विशा शर्मा की संदिग्ध मौत का मामला लगातार सुर्खियों में बना हुआ है। इस हाई-प्रोफाइल मामले में शुक्रवार को बड़ा घटनाक्रम सामने आया, जब मुख्य आरोपी और ट्विशा के पति समर्थ सिंह जबलपुर जिला अदालत पहुंचे। इसके बाद भोपाल पुलिस ने समर्थ सिंह को हिरासत में ले लिया और उन्हें भोपाल ले गई। इस बात की पुष्टि जबलपुर एसपी ने की है।

अदालत परिसर में समर्थ सिंह अपनी पहचान छिपाने की कोशिश करते नजर आए। उन्होंने चश्मा, मास्क और टोपी पहन रखी थी। पत्रकारों ने जब उनसे ट्विशा शर्मा की मौत, दहेज प्रताड़ना और उन पर लगे आरोपों को लेकर सवाल पूछे, तो उन्होंने किसी भी सवाल का जवाब नहीं दिया और पूरी तरह चुप्पी साधे रखी।