बेंगलुरु। अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (AICC) के सचिव और कर्नाटक सरकार की राज्य गारंटी कार्यान्वयन समिति के उपाध्यक्ष सूरज हेगड़े का कल रात आकस्मिक निधन हो गया। पार्टी सूत्रों द्वारा सोमवार को दी गई जानकारी के अनुसार, सूरज हेगड़े की उम्र लगभग 55 वर्ष थी और एक निजी अस्पताल में दिल का दौरा (कार्डियक अरेस्ट) पड़ने के कारण उन्होंने अंतिम सांस ली। पूर्व मुख्यमंत्री देवराज उर्स के पोते सूरज हेगड़े के इस अचानक निधन से पूरे कांग्रेस परिवार और कर्नाटक की राजनीतिक हलकों में शोक की लहर दौड़ गई है।


सूरज हेगड़े के असामयिक निधन पर कांग्रेस के शीर्ष नेता राहुल गांधी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक बेहद भावुक पोस्ट साझा कर गहरा दुख व्यक्त किया। राहुल गांधी ने लिखा कि सूरज हेगड़े जी के निधन से उन्हें गहरा दुख हुआ है, क्योंकि एआईसीसी सचिव और भारतीय युवा कांग्रेस के पूर्व प्रभारी के रूप में उन्होंने हमेशा पार्टी के आदर्शों में गहरी आस्था के साथ काम किया था। राहुल गांधी ने उनके योगदान को रेखांकित करते हुए आगे कहा कि युवा कांग्रेस उनके लिए महज एक सामान्य संगठनात्मक दायित्व नहीं थी, बल्कि उन्होंने उन तमाम युवा भारतीयों का कुशलता से मार्गदर्शन किया, जो आज कांग्रेस की न्याय और लोकतंत्र के प्रति प्रतिबद्धता को मजबूती से आगे बढ़ा रहे हैं। उनका निधन संपूर्ण कांग्रेस परिवार के लिए एक अपूरणीय क्षति है और वे उनके शोकाकुल परिवार, सहयोगियों तथा कांग्रेस के प्रत्येक कार्यकर्ता के प्रति अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त करते हैं।


वहीं, कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया और उपमुख्यमंत्री व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष डी.के. शिवकुमार ने भी हेगड़े के निधन पर गहरा सदमा व्यक्त किया है। उपमुख्यमंत्री शिवकुमार ने एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा कि एआईसीसी पदाधिकारी, केपीसीसी उपाध्यक्ष और राज्य गारंटी समिति के उपाध्यक्ष के रूप में काम करने वाले अपने प्रिय सहयोगी सूरज हेगड़े के अचानक चले जाने से उन्हें व्यक्तिगत तौर पर गहरा धक्का लगा है। उन्होंने कहा कि सांगठनिक कुशलता और जनहित के कार्यों के माध्यम से कांग्रेस पार्टी को जमीनी स्तर पर मजबूत करने में हेगड़े का योगदान हमेशा बेमिसाल था। आज पार्टी ने एक ऐसा सक्रिय और ऊर्जावान नेता खो दिया है, जिसने हमेशा आम पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ एक उत्कृष्ट और जीवंत संबंध बनाए रखा था।


इसके साथ ही, राज्य कांग्रेस के वरिष्ठ नेता बी.के. हरिप्रसाद और उपमुख्यमंत्री जी. परमेश्वर ने भी सूरज हेगड़े के व्यक्तित्व, कुशल नेतृत्व और जनसेवा को याद करते हुए उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। हरिप्रसाद ने कहा कि हेगड़े ने अपना पूरा जीवन पिछड़े समुदायों, दलितों और समाज के अन्य हाशिए पर पड़े शोषित वर्गों के उत्थान के लिए पूरी तरह समर्पित कर दिया था, और वे सही मायने में पूर्व मुख्यमंत्री देवराज उर्स द्वारा समर्थित समानता और सामाजिक न्याय की विरासत के सच्चे उत्तराधिकारी थे। नेताओं ने कहा कि राज्य सरकार की जनकल्याणकारी गारंटी योजनाओं को समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने में उन्होंने अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी, और उनका सरल व्यक्तित्व तथा जनता के प्रति उनकी गहरी चिंता हमेशा सभी की स्मृतियों में जीवित रहेगी।