श्रीनगर। राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने जम्मू-कश्मीर के बारामूला में पाकिस्तान समर्थित आतंकी साजिश मामले में बड़ी कार्रवाई की। एनआईए ने जम्मू-कश्मीर में जारी आतंकवाद-विरोधी अभियान के तहत बुधवार को लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े पाकिस्तान समर्थित आतंकी साजिश मामले में एक मुख्य आरोपी की दो संपत्तियां जब्त कीं।एनआईए ने जांच में पाया कि आरोपी शाहीन अहमद लोन एसलोसी के जरिए पाकिस्तान से हथियार, गोला-बारूद और विस्फोटक की तस्करी में शामिल था। वह इन हथियारों और विस्फोटकों को बाद में कश्मीर घाटी में आतंकी गतिविधियों को अंजाम देने के लिए प्रतिबंधित आतंकी संगठनों के आतंकवादियों को सप्लाई किया जाता था।
एनआईए की जांच में यह भी पाया गया कि लोन, जिस पर एनआईए की स्पेशल कोर्ट, जम्मू में केस के तहत मुकदमा चल रहा है, वह आतंकवादियों को फंड (पैसा) लेने और ट्रांसफर करने में भी सक्रिय रूप से शामिल था। बता दें कि एनआईए ने लोन को सितंबर 2020 में गिरफ्तार किया था और मार्च 2021 में यूएपीए एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत उसके खिलाफ चार्जशीट दायर की थी।
एनआईए की स्पेशल कोर्ट, जम्मू के आदेशों के बाद यूएपीए एक्ट की धारा 33 (1) के तहत की गई कार्रवाई के हिस्से के तौर पर बुधवार को उसकी दो संपत्तियां जब्त की गई हैं, जो जम्मू-कश्मीर के बारामूला जिले के कनिस्पोरा गांव में स्थित हैं। इनमें 7.5 मरला जमीन पर बना एक रिहायशी घर और 6 मरला जमीन का एक टुकड़ा शामिल है, जिस पर एक शेड बनाया गया था।
बता दें कि एनआईए की इसी प्रकार की एक दूसरी कार्रवाई बुधवार को जम्मू-कश्मीर के बारामूला जिले से ही सामने आई, जहां एनआईए ने गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम (यूएपीए) के तहत एक आरोपी की अचल संपत्ति कुर्क करने की कार्रवाई की।
एनआईए सूत्रों के अनुसार, एजेंसी ने उत्तर कश्मीर के बारामूला जिले के कनिसपोरा गांव निवासी आरोपी शाहीन अहमद लोन की अचल संपत्ति को जब्त किया है। शाहीन अहमद लोन को पहले ही इस मामले में गिरफ्तार किया जा चुका है। कुर्क की गई संपत्ति में कनिसपोरा गांव में सर्वे नंबर 1192 के तहत दर्ज 7.5 मरला जमीन शामिल है।

