भिंड। मध्य प्रदेश के भिंड जिले में आयोजित 'बलराम कृषि महोत्सव' के दौरान एक बड़ी प्रशासनिक लापरवाही सामने आई है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के वर्चुअल संबोधन के दौरान अचानक बिजली गुल हो जाने पर जिला कलेक्टर ने सख्त रुख अपनाया है। कलेक्टर ने मध्य प्रदेश बिजली बोर्ड के अधीक्षण अभियंता (SE) मनीष गौतम और एसडीओ (SDO) नवाब सिंह परिहार को कारण बताओ नोटिस जारी कर तत्काल स्पष्टीकरण मांगा है।


अधूरी रह गई CM और मंत्री की बातचीत, कार्यक्रम पड़ा ठप

जानकारी के अनुसार, शनिवार को शहर के नवीन कृषि उपज मंडी परिसर में बलराम कृषि महोत्सव का आयोजन किया गया था। कार्यक्रम के दौरान जब मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा मंत्री राकेश शुक्ला के बीच वर्चुअल संवाद चल रहा था, तभी दोपहर करीब 1:15 बजे अचानक बिजली सप्लाई ठप हो गई। बिजली गुल होने से मुख्यमंत्री और मंत्री के बीच चल रही बातचीत बीच में ही अधूरी रह गई। इसके बाद मुख्यमंत्री को भिंड विधायक नरेंद्र सिंह कुशवाह से भी संवाद करना था, लेकिन बिजली बाधित होने के कारण सारा कार्यक्रम ठप हो गया।


लापरवाही पर सख्त रुख, एकतरफा कार्रवाई की चेतावनी

वीआईपी कार्यक्रम को देखते हुए प्रशासन की ओर से अधिकारियों को निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने के स्पष्ट निर्देश पहले ही दिए गए थे। इसके बावजूद हुई इस चूक को कलेक्टर ने गंभीर लापरवाही और कर्तव्यों के प्रति उदासीनता माना है।कलेक्टर द्वारा जारी नोटिस में दोनों वरिष्ठ अधिकारियों से तत्काल जवाब तलब किया गया है। निर्धारित समय में संतोषजनक जवाब न मिलने पर मध्य प्रदेश सिविल सेवा आचरण नियम 1965 के तहत अधिकारियों के खिलाफ एकतरफा अनुशासनात्मक कार्रवाई करने की चेतावनी दी गई है।