मुंबई। अभिनेता अमिताभ बच्चन क्विज रियलिटी शो 'कौन बनेगा करोड़पति-18' में कंटेस्टेंट के साथ बातचीत के दौरान अपने पुश्तैनी गांव को याद कर भावुक हो गए। इस मौके पर उन्होंने अपने गांव में बच्चों के लिए लाइब्रेरी खोलने में हुई देरी को लेकर माफी भी मांगी और वादा किया कि यह लाइब्रेरी जल्द ही शुरू की जाएगी।
दरअसल, केबीसी के एक एपिसोड में कंटेस्टेंट चंद्र प्रकाश तिवारी ने बताया कि उनका नाता प्रतापगढ़ से है। बाबू पट्टी का नाम सुनते ही अमिताभ भावुक हो गए और उन्होंने बताया कि यह गांव उनके पूर्वजों की जन्मभूमि है और उनके पिता, मशहूर हिंदी कवि हरिवंश राय बच्चन, यहीं के रहने वाले थे। अभिनेता ने कहा, "बाबू पट्टी, हमारे पूर्वजों का जन्मस्थान था और बाबूजी वहीं से आए थे।"
अभिनेता ने आगे बताया कि उनकी पत्नी और अभिनेत्री जया बच्चन ने सुझाव दिया था कि गांव में बच्चों के लिए एक लाइब्रेरी खोली जाए।
शो के दौरान अभिनेता अमिताभ बच्चन कहते हैं, "जया जी, जब हमारे साथ गांव गई थी, तो उन्होंने देखा कि गांव के बच्चों के पास पढ़ने के लिए कोई सही जगह नहीं है। इसके बाद हम दोनों ने गांव में एक लाइब्रेरी बनाने की योजना बनाई। हालांकि, लाइब्रेरी के लिए बिल्डिंग बनकर तैयार हो चुकी है, लेकिन कुछ अड़चनों की वजह से अभी तक उसमें सारी सुविधाएं नहीं लग पाई हैं और वह शुरू नहीं हो पाई है।"
अभिनेता ने शो में अपने गांव वालों को संबोधित करते हुए देरी के लिए माफी मांगी और आश्वासन दिया कि लाइब्रेरी जल्द ही खुलेगी।
उन्होंने कहा, "बाबू पट्टी के लोगों से हम माफी मांगते हैं। हम आप सभी से केबीसी के मंच से कहना चाहते हैं कि घबराइए मत लाइब्रेरी जल्द ही खोल दी जाएगी। बिल्डिंग तैयार कर दी गई है और अब उसमें जरूरी सामान और किताबें रखी जाएगी, ताकि बच्चे वहां पढ़ाई कर सकें।"
बता दें कि 2006 में जया बच्चन और पूर्व सांसद अमर सिंह ने डॉ. हरिवंश राय बच्चन की स्मृति में 'डॉ. हरिवंश राय बच्चन स्मारक पुस्तकालय' का उद्घाटन किया था। उद्घाटन के बाद रखरखाव की कमी और कुछ अड़चनों के कारण यह लाइब्रेरी सुचारु रूप से शुरू नहीं हो सकी थी और इसकी बिल्डिंग जर्जर हो गई थी।













