छतरपुर, शिवम सोनी। आकाशवाणी छतरपुर के गौरवशाली 50 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर शुक्रवार को स्वर्ण जयंती समारोह का आयोजन किया गया। आकाशवाणी केंद्र छतरपुर का उद्घाटन 7 अगस्त 1976 को हुआ था। समारोह का शुभारंभ मुख्य अतिथि विधायक ललिता यादव ने दीप प्रज्वलित कर किया।
कार्यक्रम की शुरुआत रिचा मिश्रा एवं खुशी करवरिया के स्वागत गीत से हुई। इसके बाद रविन्द्र कुमार प्रजापति एवं आरबी प्रजापति ने स्वागत भाषण दिया। संध्या श्रीवास्तव ने काव्यपाठ के माध्यम से श्रोताओं की खूब वाहवाही बटोरी। युववाणी के कम्पीयर्स ने युवा चौपाल कार्यक्रम की प्रस्तुति देकर युवाओं से जुड़े विषयों को रोचक अंदाज में सामने रखा।
आकाशवाणी परिवार की ओर से आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रम में लोकसंगीत और बुंदेली लोककला की आकर्षक प्रस्तुतियां देखने को मिलीं। शरद अनुरागी एवं जीतेन्द्र द्वारा प्रस्तुत बुंदेली आल्हा गायन ने समारोह में समां बांध दिया। स्थानीय साहित्यकारों ने भी अपनी रचनाओं का काव्यपाठ कर कार्यक्रम को साहित्यिक रंग दिया।
समारोह के दौरान आकाशवाणी से लंबे समय से जुड़े अतिथियों, कलाकारों एवं अन्य लोगों को शॉल, श्रीफल और स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में आकाशवाणी के अधिकारी-कर्मचारी, कलाकार, साहित्यकार और बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।
इस अवसर पर आकाशवाणी छतरपुर की पांच दशकों की यात्रा को याद करते हुए वक्ताओं ने कहा कि केंद्र ने बुंदेली संस्कृति, लोककला और साहित्य के संरक्षण एवं संवर्धन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। आकाशवाणी ने स्थानीय प्रतिभाओं को मंच देने के साथ ही क्षेत्र के श्रोताओं से अपना मजबूत जुड़ाव बनाए रखा है। स्वर्ण जयंती समारोह आकाशवाणी छतरपुर की इसी गौरवशाली यात्रा और उपलब्धियों का उत्सव बना।




