MP में प्रदर्शन थमा, अब FIR का 'एक्शन': भोपाल में 60 पर FIR; इंदौर में पुलिस खंगाल रही CCTV

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इंदौर/भोपाल, जीतेन्द्र यादव/रविकांत वर्मा। दिल्ली के 'शर्टलेस' प्रदर्शन की आंच में शनिवार को झुलसे मध्य प्रदेश में अब शांति है, लेकिन पुलिस का डंडा चलना शुरू हो गया है। राजधानी भोपाल में प्रदेश कांग्रेस कार्यालय (PCC) के घेराव के दौरान पुलिस के साथ धक्का-मुक्की करने और सरकारी काम में बाधा डालने वाले सैकड़ों भाजपाइयों के खिलाफ पुलिस ने एफआईआर (FIR) दर्ज कर ली है। प्रदर्शन खत्म होने के बाद अब पुलिस वीडियो और फोटोग्राफ्स के जरिए उन चेहरों की पहचान कर रही है जिन्होंने बैरिकेड्स तोड़ने और कानून व्यवस्था बिगाड़ने की कोशिश की।
भोपाल में एफआईआर: पुलिस पर दबाव बनाने वालों पर शिकंजा
राजधानी में शनिवार को उस वक्त स्थिति तनावपूर्ण हो गई थी जब भाजपाइयों का हुजूम पीसीसी की ओर बढ़ा था। पुलिस द्वारा रोके जाने पर कार्यकर्ताओं ने न केवल बैरिकेड्स फांदने की कोशिश की, बल्कि पुलिस अधिकारियों के साथ तीखी नोकझोंक भी की। इसी मामले में संज्ञान लेते हुए भोपाल पुलिस ने उपद्रव करने वाले प्रदर्शनकारियों के खिलाफ 7 नामजद और 60 अज्ञात लोगों पर विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया है। पुलिस का कहना है कि किसी को भी कानून हाथ में लेने की इजाजत नहीं दी जाएगी।
इंदौर में खूनी संघर्ष के बाद कानूनी घेराबंदी
उधर, इंदौर के गांधी भवन के बाहर हुए 'पत्थर और टमाटर युद्ध' ने पुलिस प्रशासन को हिलाकर रख दिया है। यहाँ ड्यूटी पर तैनात सब-इंस्पेक्टर आरएस बघेल पर जानलेवा पत्थर फेंकने वाले उपद्रवियों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जा रही है। इंदौर पुलिस सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है ताकि उन लोगों को पकड़ा जा सके जिन्होंने तेल की थैलियों और पत्थरों से हमला कर माहौल खराब किया। घायल एसआई का फिलहाल अस्पताल में इलाज जारी है।
अब सड़कों पर शांति, कानूनी जंग शुरू
ग्वालियर से लेकर इंदौर और भोपाल तक, शनिवार को जो रणक्षेत्र बना था, वह अब शांत है। हालांकि, विवाद की जड़—दिल्ली एआई समिट का 'शर्टलेस' विरोध- अभी भी सियासी चर्चाओं में है। प्रदर्शन भले ही खत्म हो गया हो, लेकिन भोपाल में दर्ज हुई एफआईआर ने अब इस लड़ाई को सड़कों से हटाकर कोर्ट की दहलीज पर पहुँचा दिया है। प्रदेश के सभी प्रमुख शहरों में कांग्रेस कार्यालयों के बाहर एहतियातन अब भी पुलिस बल तैनात है ताकि दोबारा कोई अप्रिय घटना न हो।
क्या है इस 'सियासी दंगल' की वजह?
विवाद की जड़ दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित अंतरराष्ट्रीय AI समिट है, जहाँ यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने 'शर्टलेस' होकर पीएम मोदी के खिलाफ नारेबाजी की थी। बीजेपी इसे 'राष्ट्रविरोधी' कृत्य बता रही है, जबकि कांग्रेस इसे बेरोजगारी के खिलाफ विरोध का तरीका कह रही है। फिलहाल पूरे प्रदेश में कांग्रेस कार्यालयों के बाहर भारी पुलिस बल तैनात है और इंदौर पुलिस सीसीटीवी के जरिए पत्थरबाजों की कुंडली खंगाल रही है।
21 फ़रवरी 2026 को 01:46 pm बजे
कांग्रेस कार्यालय में तोड़फोड़ मामले में FIR दर्ज, 7 नामजद सहित 60 पर केस

राजधानी में प्रदेश कांग्रेस कार्यालय (PCC) के बाहर हुई पत्थरबाजी और हंगामे के मामले में हबीबगंज थाना पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। कांग्रेस नेता प्रदीप अहिरवार की शिकायत पर पुलिस ने भाजपा कार्यकर्ताओं के खिलाफ नामजद एफआईआर दर्ज की है। इसमें 7 लोगों को नामजद किया गया है, जबकि 50 से 60 अन्य अज्ञात कार्यकर्ताओं को भी आरोपी बनाया गया है। आरोप है कि प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस कार्यालय में घुसकर तोड़फोड़, मारपीट और पत्थरबाजी की। पुलिस ने इस मामले में BNS की विभिन्न धाराओं (जैसे 191(2), 115(2), 125, 324(5)) और संपत्ति विरूपण अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज किया है। फिलहाल पुलिस वीडियो फुटेज के आधार पर अन्य आरोपियों की पहचान करने में जुटी है।
21 फ़रवरी 2026 को 12:50 pm बजे
जीतू पटवारी का सरकार पर तीखा हमला, बोले- मध्य प्रदेश में भाजपा के गुंडों का तांडव चल रहा है

कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर सरकार को आड़े हाथों लिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि इंदौर में कांग्रेस कार्यालय पर हुए पथराव में जिला अध्यक्ष विपिन वानखेड़े और कई पत्रकार गंभीर रूप से घायल हुए हैं। पटवारी ने कहा कि प्रदेश में कानून-व्यवस्था बेलगाम है और गृह मंत्री ने उपद्रवियों को खुला संरक्षण दे रखा है। उन्होंने मुख्यमंत्री को चुनौती देते हुए कहा कि कांग्रेस कार्यकर्ता इन पत्थरों से डरने वाले नहीं हैं।
21 फ़रवरी 2026 को 12:44 pm बजे
उज्जैन ASP आयुष गुप्ता बोले- 'प्रोटेस्ट की पहले से थी उम्मीद
उज्जैन। शहर में भाजपा युवा मोर्चा और कांग्रेस के बीच हुए टकराव को लेकर उज्जैन एएसपी (ASP) आयुष गुप्ता ने आधिकारिक बयान जारी किया है। एएसपी गुप्ता के अनुसार, पुलिस प्रशासन को विरोध प्रदर्शन की पहले से ही आशंका थी, जिसके चलते एहतियात के तौर पर बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया था। प्रदर्शन के दौरान युवा मोर्चा के कार्यकर्ता अचानक बलदेव बाग क्षेत्र में एकत्रित हुए और नारेबाजी करते हुए तेजी से आगे बढ़े। इस दौरान उत्तेजित कार्यकर्ताओं ने पुलिस द्वारा लगाए गए सुरक्षा बैरिकेड्स को तोड़ दिया और पुराने कांग्रेस कार्यालय की ओर कूच करने का प्रयास किया। हालांकि, वहां तैनात पुलिस की अतिरिक्त टुकड़ियों ने घेराबंदी कर उन्हें कार्यालय तक पहुँचने से पहले ही रोक दिया। एएसपी ने स्पष्ट किया कि स्थिति अब पूरी तरह नियंत्रण में है और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए संवेदनशील इलाकों में लगातार पुलिस गश्त जारी है। किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए वीडियोग्राफी के जरिए उपद्रवियों की पहचान भी की जा रही है।
21 फ़रवरी 2026 को 12:29 pm बजे
PCC कार्यालय के बाहर संग्राम, भाजपा-कांग्रेस कार्यकर्ताओं में खूनी संघर्ष और पथराव
भोपाल। भोपाल स्थित प्रदेश कांग्रेस कार्यालय (PCC) के बाहर शनिवार को भाजपा युवा मोर्चा और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच हिंसक झड़प हुई। दिल्ली में यूथ कांग्रेस के प्रदर्शन के विरोध में जब भाजयुमो कार्यकर्ता नारेबाजी करते हुए पीसीसी दफ्तर का घेराव करने पहुंचे, तो स्थिति बेकाबू हो गई। दोनों पक्षों की ओर से जमकर पत्थरबाजी हुई, जिसमें भाजपा और कांग्रेस के कई कार्यकर्ता गंभीर रूप से घायल हुए हैं; यहाँ तक कि ड्यूटी पर तैनात कुछ पुलिसकर्मियों और मीडियाकर्मियों को भी चोटें आई हैं। उग्र प्रदर्शन के दौरान भाजयुमो कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस कार्यालय के बाहर लगे होर्डिंग्स और बैनरों को उखाड़ कर फेंक दिया और गेट के भीतर घुसने का प्रयास किया। मौके पर मौजूद भारी पुलिस बल को स्थिति संभालने के लिए खासी मशक्कत करनी पड़ी और प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर करने के लिए हल्का बल प्रयोग भी किया गया। कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि यह सत्ता पक्ष का सुनियोजित हमला है, जबकि भाजपा का कहना है कि वे देश की छवि खराब करने वाली कांग्रेस की नीतियों का विरोध कर रहे हैं। फिलहाल पीसीसी दफ्तर के बाहर छावनी जैसा माहौल है और पुलिस की अतिरिक्त टुकड़ियाँ तैनात कर दी गई हैं।
21 फ़रवरी 2026 को 12:27 pm बजे
इंदौर में कांग्रेस जिला अध्यक्ष विपिन वानखेड़े घायल, अस्पताल में भर्ती

इंदौर। मध्य प्रदेश के प्रमुख शहरों में जारी राजनीतिक टकराव के बीच इंदौर में विरोध प्रदर्शन ने हिंसक मोड़ ले लिया है। भाजपा और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच हुई तीखी झड़प के दौरान हुए पथराव में कांग्रेस के जिला अध्यक्ष और पूर्व विधायक विपिन वानखेड़े गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, जब दोनों पक्षों के बीच नारेबाजी और धक्का-मुक्की चल रही थी, तभी अचानक पत्थरबाजी शुरू हो गई, जिसमें एक पत्थर वानखेड़े के सिर पर जा लगा। उन्हें तुरंत नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, जहाँ उनका उपचार जारी है। इस घटना के बाद शहर में तनाव चरम पर है और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने भाजपा पर जानलेवा हमले का आरोप लगाते हुए भारी विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया है। पुलिस प्रशासन ने स्थिति को देखते हुए संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त बल तैनात कर दिया है।
21 फ़रवरी 2026 को 12:27 pm बजे
जबलपुर में बैरिकेड तोड़ कांग्रेस दफ्तर तक पहुंचे युवा मोर्चा कार्यकर्ता
जबलपुर। दिल्ली के विवाद की चिंगारी जबलपुर की सड़कों तक पहुंच गई है, जहाँ शनिवार को भारतीय जनता युवा मोर्चा और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच बलदेव बाग चौराहे पर जबरदस्त टकराव देखने को मिला। दिल्ली में यूथ कांग्रेस के प्रदर्शन के विरोध में उतरे युवा मोर्चा के कार्यकर्ताओं ने पुलिस द्वारा लगाए गए बैरिकेड्स को उखाड़ फेंका और नारेबाजी करते हुए सीधे कांग्रेस कार्यालय के गेट तक जा पहुंचे। वहां मौजूद कांग्रेस कार्यकर्ताओं और प्रदर्शनकारियों के बीच तीखी नोकझोंक और आमने-सामने की स्थिति बनने से इलाके में भारी तनाव फैल गया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने मोर्चा संभालते हुए 10 थानों का पुलिस बल, एसडीएम, एएसपी और पांच सीएसपी सहित भारी संख्या में पुलिसकर्मियों को मैदान में उतारा। करीब आधे घंटे तक चले इस हंगामे के बाद पुलिस ने दोनों पक्षों को अलग कर स्थिति को नियंत्रित किया, हालांकि शहर के प्रमुख चौराहों पर अब भी सुरक्षा बल तैनात है।
21 फ़रवरी 2026 को 12:25 pm बजे
उज्जैन में भाजपा-कांग्रेस कार्यकर्ता आमने-सामने, हमले की कोशिश का आरोप
उज्जैन। दिल्ली के विवाद की गूंज अब बाबा महाकाल की नगरी उज्जैन में भी हिंसक टकराव की स्थिति पैदा कर रही है, जहाँ शनिवार को भाजपा युवा मोर्चा और कांग्रेस के कार्यकर्ता करीब आधे घंटे तक एक-दूसरे के आमने-सामने डटे रहे। कांग्रेस नेता अमरीश मिश्रा ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि युवा मोर्चा के कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस कार्यालय का घेराव कर वहां मौजूद कार्यकर्ताओं पर हमले का प्रयास किया, जिसका उन्होंने डटकर मुकाबला किया। मिश्रा का कहना है कि कांग्रेस द्वारा जनता के मुद्दों को उठाए जाने से भाजपा सरकार बौखला गई है और अब हिंसा का सहारा ले रही है। मौके पर मौजूद भारी पुलिस बल ने दोनों गुटों के बीच हो रही उग्र नारेबाजी और बढ़ते तनाव को नियंत्रित किया, जिससे बड़ी झड़प टल गई। फिलहाल शहर के संवेदनशील इलाकों में पुलिस गश्त बढ़ा दी गई है ताकि राजनीतिक प्रतिद्वंद्विता किसी बड़े हंगामे का रूप न ले सके।
21 फ़रवरी 2026 को 12:20 pm बजे
दिल्ली के 'शर्टलेस प्रदर्शन' की चिंगारी पहुंची बुंदेलखंड, छतरपुर की सड़कों पर झड़प

छतरपुर, शिवम सोनी। दिल्ली के 'इंडिया AI इम्पैक्ट समिट 2026' विवाद की आंच अब छतरपुर की सड़कों पर भी हिंसक विरोध के रूप में दिखाई दे रही है, जहाँ शनिवार शाम करीब 5 बजे भारतीय जनता पार्टी युवा मोर्चा के कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस के खिलाफ जोरदार मोर्चा खोला। जिला अध्यक्ष नीरज चतुर्वेदी के नेतृत्व में कार्यकर्ता चौबे कॉलोनी से पैदल रैली निकालते हुए डाकखाना चौराहे पहुंचे, जहाँ "राहुल गांधी मुर्दाबाद" के नारों के साथ कांग्रेस की नीतियों को देशविरोधी बताते हुए कड़ा विरोध दर्ज कराया गया। जैसे ही प्रदर्शनकारी कांग्रेस कार्यालय की ओर बढ़े, वहां तैनात पुलिस बल और कार्यकर्ताओं के बीच तीखी झड़प शुरू हो गई। पुलिस ने बैरिकेडिंग कर भीड़ को रोकने की कोशिश की, लेकिन आक्रोशित कार्यकर्ताओं ने घेरा तोड़कर राहुल गांधी का पुतला फूंक दिया। हंगामे के दौरान मची अफरा-तफरी के बीच ओरछा रोड थाना प्रभारी दीपक यादव और पुलिस टीम ने जलते पुतले को छीनकर आग पर काबू पाने का प्रयास किया। भाजयुमो जिला अध्यक्ष ने इस दौरान चेतावनी दी कि कांग्रेस की कथित देशविरोधी गतिविधियों के खिलाफ उनका आंदोलन और भी उग्र होगा। शहर के संवेदनशील इलाकों में भारी पुलिस बल की तैनाती के साथ सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है, ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति को टाला जा सके।


