काबुल। अफगानिस्तान के कुनार और हेलमंद प्रांतों में पाकिस्तानी सेना के हवाई हमलों में महिलाओं और बच्चों समेत कम से कम 9 नागरिकों की मौत हो गई और 11 अन्य घायल हो गए। तालिबान के प्रवक्ता जबीहुल्लाह मुजाहिद ने गुरुवार को हमले की जानकारी देते हुए बताया क‍ि हमलों में आम लोगों के घरों को निशाना बनाया गया।

मुजाहिद ने इसे 'आक्रामक कार्रवाई' बताते हुए इसकी निंदा की। उन्होंने कहा कि हमला बुधवार रात कुनार के शुल्तान जिले के चुगाम इलाके और हेलमंद के गर्मसेर जिले के सफर इलाके में किया गया। उनके मुताबिक, हमले में नागरिक मारे गए और घायल हुए, जबकि तीन घर तबाह हो गए।

मुजाहिद ने सोशल मीड‍िया प्‍लेटफॉर्म 'एक्‍स' पोस्‍ट पर लिखा, "बीती रात पाकिस्तानी विमानों ने कुनार के शुल्तान जिले के चुगाम और हेलमंद के गरमसेर जिले के सफर इलाके में आम लोगों के घरों पर बमबारी की। महिलाओं और बच्चों समेत नौ अफगान नागरिक मारे गए, 11 घायल हुए और तीन घर तबाह हो गए। हम इस कार्रवाई की सभी मान्य सिद्धांतों का उल्लंघन करने वाली आक्रामकता और अपराध के रूप में निंदा करते हैं।"

यह ताजा घटना ऐसे समय सामने आई है, जब हाल के दिनों में अफगानिस्तान के कई प्रांतों को निशाना बनाकर पाकिस्तानी हवाई हमले किए जाने के आरोप सामने आए हैं।

24 सितंबर को कंधार, पक्तिया और खोस्त में पाकिस्तानी हमलों में चार नागरिकों के मारे जाने की बात कही गई थी। इससे तीन दिन पहले कुनार और पक्तिका में हुए हमलों में तीन लोगों की मौत की खबर सामने आई थी।

पिछले हफ्ते मुजाहिद ने पाकिस्तान पर आरोप लगाया था कि वह अपनी घरेलू समस्याओं से ध्यान हटाने और मक्का समझौते के तहत अपनी जिम्मेदारियों से बचने के लिए अफगानिस्तान पर हमले कर रहा है। स्थानीय मीडिया ने उनके इस बयान की जानकारी दी थी।

स्थानीय मीडिया की रिपोर्ट के अनुसार, कंधार के एक धार्मिक मदरसे में बोलते हुए मुजाहिद ने आरोप लगाया था कि इस्लामाबाद अफगानिस्तान पर हमले करके पाकिस्तान के अंदर बढ़ती राजनीतिक और आर्थिक समस्याओं तथा विरोध प्रदर्शनों से लोगों का ध्यान हटाना चाहता है।

सऊदी अरब, पाकिस्तान और तुर्की ने सात अगस्त को मक्का में एक रक्षा समझौते पर हस्ताक्षर किए थे। इसका मकसद किसी भी आक्रामक कार्रवाई के खिलाफ मिलकर जवाब देने की क्षमता को मजबूत करना था। समझौते के तहत तीनों में से किसी एक देश पर हथियारबंद हमला तीनों देशों पर हमला माना जाएगा।

मुजाहिद ने कहा, "अफगानिस्तान पर पाकिस्तान के हालिया हमलों का मकसद सऊदी अरब के साथ हुए मक्का समझौते से बचना है। साथ ही हालात को इस तरह दिखाने की कोशिश की जा रही है, जैसे पाकिस्तान अफगानिस्तान में युद्ध लड़ रहा हो।"

अफगान मीडिया आउटलेट एरियाना न्यूज के मुताबिक, मुजाहिद ने कहा, "पाकिस्तान अपने पड़ोसी इस्लामी देश की सीमा का उल्लंघन करके अपनी नाकामियों से ध्यान हटाना चाहता है।"

मुजाहिद ने चेतावनी भी दी कि अफगानिस्तान पाकिस्तानी सैन्य शासन की कार्रवाई का 'उचित जवाब' देगा।