Monday, February 23, 2026

LOGO

BREAKING NEWS
देशनई दिल्लीसुप्रीम कोर्ट ने बाबरी नाम पर मस्जिद निर्माण रोकने की मांग ठुकराई

सुप्रीम कोर्ट ने बाबरी नाम पर मस्जिद निर्माण रोकने की मांग ठुकराई

Post Media
News Logo
PeptechTime
20 फ़रवरी 2026, 09:27 am IST
Share on FacebookShare on WhatsAppShare on Twitter/XOpen Instagram
Copy Link

Advertisement

नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को बाबर के नाम पर किसी भी मस्जिद के बनने या उसका नाम रखने पर रोक लगाने की मांग वाली याचिका को खारिज कर दिया। कोर्ट ने इस दलील को भी खारिज कर दिया कि ऐसी संरचनाएं एक 'क्रूर हमलावर' का सम्मान करती हैं।



सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस विक्रम नाथ और संदीप मेहता की बेंच ने शुक्रवार को एक थोड़ी देर सुनवाई के बाद याचिका पर विचार करने से इनकार कर दिया। याचिका में मांग की गई थी कि बाबर एक हिंदू-विरोधी हमलावर था। वह हिंदुओं की हत्या में शामिल था। इसलिए इसके नाम पर कोई कोई मस्जिद नहीं बनाई जानी चाहिए।



सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता के वकील ने पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद में बन रही मस्जिद का भी जिक्र किया। कील ने कहा कि बाबर के क्रूर हिंदू-विरोधी हमलावर होने के बावजूद मुर्शिदाबाद में बाबरी मस्जिद के नाम पर एक मस्जिद का निर्माण हो रहा है।



बाबर के नाम पर मस्जिद के निर्माण को लेकर हालिया विवाद पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद से शुरू हुआ। टीएमसी विधायक रहते हुए हुमायूं कबीर ने मुर्शिदाबाद में बाबरी मस्जिद के निर्माण की घोषणा की थी। कई हिंदू संगठनों और मुस्लिम धर्मगुरुओं ने मस्जिद के नाम को लेकर आपत्ति जताई थी। हालांकि, भारी विरोध के कारण उन्हें टीएमसी से निलंबित कर दिया गया।




बाद में हुमायूं कबीर ने 'जनता उन्नयन पार्टी' नाम नया राजनीतिक दल बनाया। फिलहाल, हुमायूं की ओर से अभी मुर्शिदाबाद में 'बाबरी मस्जिद' का निर्माण कराया जा रहा है। अयोध्या के विवादित ढांचे को गिराए जाने की बरसी पर 6 दिसंबर 2025 को हुमायूं कबीर ने इसकी नींव रखी।



हुमायूं कबीर ने कहा कि निर्माण कार्य तीन साल के भीतर पूरा हो जाएगा। इस ढांचे के निर्माण में लगभग 55 करोड़ रुपए की लागत आएगी। मस्जिद के द्वार की ऊंचाई 14 मीटर होगी। इसकी चौड़ाई 5 मीटर होगी। अकेले द्वार के निर्माण की अनुमानित लागत लगभग 5 करोड़ रुपये होगी।


Today In JP Cinema, Chhatarpur (M.P.)