मुंबई, 8 अप्रैल । महाराष्ट्र सरकार सोशल मीडिया पर बिना सबूत बदनामी फैलाने के मामलों को लेकर गंभीर हो गई है। राज्य में सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स का इस्तेमाल कर बिना किसी प्रमाण के लोगों की छवि खराब करने की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं, जिससे समाज के विभिन्न वर्गों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

इसी मुद्दे को ध्यान में रखते हुए राज्य सरकार ने कानून में बदलाव या नई कानूनी व्यवस्था की संभावना की जांच के लिए एक समिति गठित करने का फैसला लिया है। सरकार की ओर से जारी आदेश के अनुसार, महाराष्ट्र राज्य के पुलिस महानिदेशक की अध्यक्षता में इस समिति का गठन किया गया है।

यह समिति सोशल मीडिया के माध्यम से होने वाली बदनामी, फेक पोस्ट और बिना प्रमाण के लगाए जाने वाले आरोपों पर कानूनी प्रावधानों की समीक्षा करेगी। साथ ही यह भी जांच करेगी कि मौजूदा कानूनों में संशोधन या नई धाराओं की आवश्यकता है या नहीं।

सरकार ने समिति को यह जिम्मेदारी भी सौंपी है,कि वह राज्य स्तर पर नया कानून बनाने या मौजूदा कानून में संशोधन की संभावनाओं की कानूनी और तकनीकी जांच करे। साथ ही सोशल मीडिया के दुरुपयोग पर प्रभावी नियंत्रण के लिए कानून को और मजबूत बनाने संबंधी सिफारिशें सरकार को सौंपे।