चंदला (छतरपुर), जीतेंद्र तिवारी। छतरपुर जिले के चंदला क्षेत्र में आज प्रकृति का रौद्र रूप देखने को मिला, जहाँ बेमौसम हुई भारी ओलावृष्टि ने पूरे इलाके में तबाही मचा दी है। गुरुवार की सुबह जब लोग अपने दैनिक कार्यों में जुटे थे, तभी अचानक आसमान में काली घटाएं छा गईं। तेज आंधी और बादलों की भीषण गड़गड़ाहट के साथ शुरू हुई ओलावृष्टि ने देखते ही देखते पूरे क्षेत्र में जनजीवन को अस्त-व्यस्त कर दिया। ओलों की रफ्तार और आकार इतना घातक था कि इसने न केवल फसलों को बर्बाद किया, बल्कि इंसानी जान पर भी बन आई।
ओलों की सीधी मार से किसान हुआ लहूलुहान
इस प्राकृतिक आपदा ने दो ग्रामीणों को गहरे जख्म दिए हैं। सबसे दर्दनाक घटना छत्तेकुआं गांव से सामने आई है, जहाँ 48 वर्षीय संतोष (पिता शिव सिंह) ओलावृष्टि की चपेट में आ गए। खुले आसमान के नीचे ओलों की सीधी मार पड़ने से संतोष के शरीर और सिर पर गंभीर चोटें आईं। मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने तत्काल उन्हें स्थानीय स्वास्थ्य केंद्र पहुँचाया, लेकिन उनकी नाजुक हालत और शरीर पर गहरे घावों को देखते हुए डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें तत्काल जिला अस्पताल रेफर कर दिया है।
बुजुर्ग को भी आई चोटें, प्राथमिक उपचार के बाद मिली छुट्टी
ओलावृष्टि का कहर लूकापुरवा गांव में भी देखने को मिला। यहाँ 60 वर्षीय बुजुर्ग बाला प्रसाद पटेल भी इस बेमौसम आपदा का शिकार हो गए। अचानक गिरे ओलों की चपेट में आने से वे घायल हो गए, जिसके बाद उन्हें आनन-फानन में चंदला स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। गनीमत यह रही कि उनकी चोटें संतोष के मुकाबले कम गंभीर थीं। डॉक्टरों की टीम ने उनका उपचार किया और स्थिति स्थिर होने पर उन्हें अस्पताल से घर भेज दिया गया है।
आंधी और बारिश ने मचाया जमकर उत्पात
गुरुवार की सुबह से शुरू हुआ यह कुदरती कहर घंटों तक जारी रहा। तेज आंधी के कारण कई जगहों पर पेड़ धराशायी हो गए और कुछ घरों की छप्परें तक उड़ गईं। बिजली की कड़क और बादलों की गूंज ने ग्रामीणों के मन में दहशत भर दी। सड़कों पर ओलों की सफेद चादर बिछ जाने से आवाजाही पूरी तरह ठप हो गई। बेमौसम की इस मार ने ग्रामीण अर्थव्यवस्था की कमर तोड़ दी है और लोग अब भी सहमे हुए हैं।
प्रशासन की टीम अलर्ट, नुकसान के आकलन की तैयारी
बेमौसम ओलावृष्टि की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन और राजस्व अमला सक्रिय हो गया है। तहसीलदार और पटवारियों को प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर फसलों और जनहानि के नुकसान का आकलन करने के निर्देश दिए गए हैं। उधर, जिला अस्पताल में भर्ती संतोष की स्थिति पर डॉक्टर नजर बनाए हुए हैं। मौसम विभाग ने अगले 24 घंटों में फिर से मौसम बिगड़ने की चेतावनी दी है, जिसके चलते प्रशासन ने लोगों को खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी है।

