दमोह/मड़ियादो, राजकुमार पाठक। मड़ियादो क्षेत्र के सकोर गांव स्थित आल्हा-ऊदल खेल परिसर में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा में प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचकर धर्मलाभ ले रहे हैं। बुंदेलखंड के प्रसिद्ध कथावाचक पंडित विपिन बिहारी जी महाराज के श्रीमुख से प्रवाहित हो रही कथा सुनने के लिए आसपास के गांवों सहित दूर-दराज क्षेत्रों से हजारों श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। रविवार दोपहर 3 बजे से आयोजित कथा में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखने को मिली।
व्यासपीठ से प्रवचन करते हुए पंडित विपिन बिहारी जी महाराज ने कहा कि मनुष्य का जीवन ऐसा होना चाहिए कि उसे बार-बार जन्म लेने की आवश्यकता न पड़े और वह इस संसार से मुक्त होकर जाए। उन्होंने कहा कि जीवन में ऐसे श्रेष्ठ कार्य करें, जिन्हें समाज सदैव याद रखे। उन्होंने कहा, "यदि तुम्हारे कारण किसी की आंख में आंसू आए तो तुम्हारे जीवन को धिक्कार है।" महाराज ने अपने सरल, सहज और चिरपरिचित बुंदेलखंडी अंदाज में अनेक प्रेरणादायक प्रसंगों का वर्णन करते हुए श्रद्धालुओं को भक्ति, सेवा और मानवता का संदेश दिया।
कथा के दौरान भजनों और आध्यात्मिक प्रसंगों से पूरा पंडाल भक्तिमय वातावरण में डूबा रहा। श्रद्धालु कथा का रसपान कर भावविभोर होते रहे। आयोजन समिति द्वारा श्रद्धालुओं के लिए समुचित व्यवस्थाएं भी की गईं।
कथा में मध्य प्रदेश पिछड़ा वर्ग आयोग के अध्यक्ष डॉ. रामकृष्ण कुसमरिया, पंडित लक्ष्मण तिवारी, आयोजन समिति के राकेश दुबे, सुरेश कुसमरिया, चंद्रभान गोस्वामी, रीतेश खरे, अनिल सडैया, जयंत कुसमरिया सहित अनेक गणमान्य नागरिक एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।




