ग्वालियर | आगरा-मुंबई राष्ट्रीय राजमार्ग (NH-3) पर रविवार देर रात एक बड़ा हादसा होने से टल गया। ग्वालियर से इंदौर जा रही एक स्लीपर वीडियोकोच बस में पनिहार रेलवे स्टेशन के समीप अचानक चलती गाड़ी में भीषण आग लग गई। देखते ही देखते आग की गगनचुंबी लपटों ने पूरी बस को अपनी चपेट में ले लिया। घटना के वक्त बस में करीब 45 यात्री सवार थे, जिनमें चीख-पुकार और अफरा-तफरी मच गई। राहत की बात यह रही कि बस स्टाफ की त्वरित सतर्कता और यात्रियों की सूझबूझ से समय रहते सभी को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।


सफर शुरू होने के ठीक एक घंटे बाद भड़कीं लपटें

पनिहार थाना पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, स्लीपर वीडियोकोच बस (क्रमांक- MP 09 FA-9349) रात 10 बजे ग्वालियर बस स्टैंड से इंदौर के लिए रवाना हुई थी। सफर शुरू हुए अभी ठीक एक घंटा ही बीता था कि रात करीब 11 बजे पनिहार रेलवे स्टेशन के पास हाईवे पर बस के इंजन और पिछले हिस्से से अचानक गाढ़ा धुआं निकलने लगा। जब तक चालक कुछ समझ पाता, बस के भीतर धुआं भर गया और आग की लपटें दिखाई देने लगीं।


दरवाजे पर मची भगदड़, खिड़कियां तोड़कर बाहर कूदे यात्री

स्थिति को भांपते ही ड्राइवर और क्लीनर ने मुस्तैदी दिखाते हुए तुरंत बस को हाईवे के किनारे ब्रेक लगाकर रोका और आपातकालीन गेट व मुख्य दरवाजे से यात्रियों को उतारना शुरू किया।


जान बचाने की जद्दोजहद:

आग इतनी तेजी से फैली कि मुख्य दरवाजे के पास यात्रियों में भगदड़ मच गई। दम घुटने और आग की तपिश के कारण कई यात्रियों ने अपनी जान बचाने के लिए बस की खिड़कियों के कांच पत्थर मारकर तोड़े और नीचे छलांग लगा दी। मौके से गुजर रहे अन्य राहगीरों और बस स्टाफ की मदद से कुछ ही मिनटों के भीतर सभी 45 यात्रियों को धधकती बस से बाहर खींच लिया गया।


हाईवे पर रोका गया ट्रैफिक, दमकल ने पाया काबू

बीच हाईवे पर चलती बस में आगजनी की सूचना मिलते ही पनिहार थाना प्रभारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। सुरक्षा के मद्देनजर और किसी अन्य विस्फोट की आशंका को देखते हुए हाईवे के दोनों ओर का यातायात कुछ समय के लिए पूरी तरह रोक दिया गया। इसके बाद ग्वालियर नगर निगम से बुलाई गई फायर ब्रिगेड की गाड़ियों ने मौके पर पहुंचकर आग बुझाने का काम शुरू किया और कड़ी मशक्कत के बाद आग पर पूरी तरह काबू पाया।


शॉर्ट सर्किट की आशंका, खाक हो गया यात्रियों का सामान

फायर ब्रिगेड और पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, प्राथमिक जांच में आग लगने का मुख्य कारण बस की वायरिंग में हुआ 'शॉर्ट सर्किट' माना जा रहा है। हालांकि, बस में आग इतनी तेजी से फैली कि यात्रियों को अपना सामान निकालने का मौका नहीं मिल सका, जिससे उनका कीमती सामान, बैग और कपड़े जलकर खाक हो गए। पुलिस प्रशासन द्वारा यात्रियों को गंतव्य तक भेजने के लिए वैकल्पिक वाहनों की व्यवस्था की गई। पुलिस मामले की विस्तृत जांच कर रही है कि बस में अग्निशमन यंत्र (Fire Extinguisher) मौजूद थे या नहीं।